
होली का पर्व पूरे देश में बड़ी धूम-धाम से मनाया जाता है। रंगों के इस त्योहार में सभी मस्ती से गाते-झूमते नजर आते हैं। इस साल होली का त्योहार 18 मार्च को पड़ रहा है जिससे एक दिन पहले 17 मार्च को होलिका दहन है। होलिका दहन का भी विशेष पौराणिक महत्व होता है। कहते हैं कि सच्चे मन और सही ढंग से पूजा करने से होलिका की अग्नि में सभी दुख जलकर भस्म हो जाते हैं। तो आइए जानते हैं कि होलिका दहन में किन विशेष चीजों को शामिल करना चाहिए और होलिका दहन की पूजा की उचित विधि क्या है...
होलिका दहन की आवश्यक पूजा सामग्री
होलिका दहन पूजा की विधि
रात को होलिका दहन से पहले होलिका की दिन के समय विधि-विधान से पूजा करें। सबसे पहले होलिका पर हल्दी, रोली तथा गुलाल से टीका लगाकर फूल, कच्चा सूत, बताशे, मीठी चीजें आदि चढ़ाएं। फिर होलिका के चारों ओर 7 बार परिक्रमा करें। इसके पश्चात जल चढ़ाएं। माना जाता है कि दहन से पहले होलिका की पूजा बहुत फलदायी होती है। इससे आपके ग्रहदोष भी दूर होते हैं।
वहीं फिर शाम होने पर होलिका दहन के समय परिवार के सभी लोगों को होलिका के चारों तरफ इकट्ठे बैठकर उसमें गेंहू की बाली, साबुत मूंग को जलती आग में डालना चाहिए। साथ ही पापड़, हरे चने भूनने चाहिए। इसके बाद घर के छोटों को अपने बड़ों के पैर छूकर उन्हें गेंहू के भुने दाने देने चाहिए। इससे आपसी प्रेम बढ़ता है और रिश्तों में मजबूती आती है।