जिला पंचायत सामान्य सभा की बैठक में भाजपा समर्थित जिपं सदस्य के बेतुका बोल
रीवा. जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक शनिवार को आयोजित की गई। जिपं अध्यक्ष अभय मिश्र की अध्यक्षता में पालन प्रतिवेदन और निर्धारित दस एजेंडों पर चर्चा की गई। कोठी कंपाउंड स्थित उद्यान विभाग के समाकक्ष में आयोजित बैठक के दौरान सदन तब शर्मशार हो गई, जब पालन प्रतिवेदन की चर्चा के दौरान भाजपा समर्थिक जिपं सदस्य अविनाश शुक्ला ने कहा कि जिन ग्राम पंचायतों में हरिजन जाति के सरपंच-सचिव हैं, ऐसी पंचायतों में अधिक भ्रष्ट्राचार हो रहा है।
अपराध की श्रेणी में आता है एससी-एसटी को हरिजन कहना
जिला पंचायत सामान्य सभा की बैठक में सदस्य के इस बेतुके बोल का विरोध करते हुए जिपं अध्यक्ष अभय मिश्र ने कहा कि एससी-एसटी को हरिजन कहना भी अपराध की श्रेणी में आता है। पंचायत की सदन को जाति विशेष में बांटना गलत है। विरोध शुरू होते ही भाजपा समर्थित सदस्य बैकफुट पर आ गया। सदस्य ने सदन में सफाई देते हुए कहा कि एससी-एसटी के सरपंच को नहीं, सचिवों को कहा है।
सदस्य ने दी सफाई, कहा कांग्रेस में जाने के बाद आप कर रहे जातिवाद
सफाई में सदस्य ने यह भी कहा कि भाजपा सरकार एससी-एसटी परिवारों के लिए प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास जैसी कई योजनाएं चला रही है। जिपं अध्यक्ष को कहा कि जब से आप कांग्रेस में चले गए हैं, तब से जाति-पांति की बात अधिक करने लगे हैं। बाद में सदस्यों के हस्तक्षेप पर माामला शांत हुआ। बैठक में जिपं सीइओ मयंक अग्रवाल, जिप सदस्य प्रभाकर ङ्क्षसह, सरोज पटेल, बृजेश ङ्क्षसह, राजेन्द्र मिश्र, ईश्वरी प्रताप ङ्क्षसह, शिवकली नट, जोखूलाल कोल, रामकली कोल सहित विधायक प्रतिनिधि और अन्य जिप सदस्य मौजूद रहे।
कल्पना कल्याण समिति का अनुमोदन निरस्त
सदस्यों ने बैठक के दौरान महिला बाल एवं विकास विभाग के अधिकारियों के अनुपस्थित रहने पर कल्पना कल्याण समिति के प्रस्ताव का अनुमोदन निरस्त कर दिया है। अध्यक्ष ने कहा कि यह समिति सिर्फ दलाली के लिए बनाई जा रही है। इस समिति से जनता का भला नहीं होने वाला है।
सदस्यों ने आधा दर्जन लापरवाह अधिकारियों को निलंबन का लाया प्रस्ताव
सामान्य सभा की बैठक में लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ दंडात्मक और निलंबन की कार्रवाई का प्रस्ताव लाया है। बैठक से गायब रहने और जानकारी उपलब्ध नहीं कराने वाले करीब आधा दर्जन अधिकारियों को निलंबन का प्रस्ताव लाया है। कृषि स्थाई समिति, सहकारिता, संचार संकर्म के सचिवों सहित लोक निर्माण, आरईएस सहित अन्य विभाग के अधिकारी शामिल हैं।
बसमान मामा में चार साल से नहीं बना डैम
पालन प्रतिवेदन की चर्चा के दौरान अध्यक्ष ने कहा कि बसामन मामा में डैम बनाने के लिए चार साल पहले विधायक निधि से ७५ लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं। जिपं अध्यक्ष ने कहा कि बसामन मामा में डैम निर्माण होने से १३ किलोमीटर की एरिया में सिंचाई होती, इसके लिए 25-25 लाख रुपए तीन बार जारी किए गए। इसके बावजूद आज तक निर्माण नहीं कराया जा सका है। सदस्यों ने प्रस्ताव लाया गया है कि स्वीकृत बजट को तत्काल उपयोग किया जाए या फिर योजना सांख्यिकी विभाग को वापस किया जाए।