जेल में बिगड़ गई थी हालत, पैरोल में छूटने कैदी का हुआ था एक्सीडेंट
रीवा। जेल में आजीवन कारावास की सजा काट रहे कैदी की तबियत अचानक बिगड़ गई। उसे प्रहरी द्वारा अस्पताल में भर्ती करवाया गया जहां उसकी मौत हो गई। जेल प्रबंधन ने पैरोल में छूटने के बाद उसका एक्सीडेंट होने की जानकारी दी है। वहींं परिजनों ने उसके साथ मारपीट का आरोप लगाया है। फिलहाल पूरे घटना की न्यायिक जांच शुरू हो गई है।
हत्या के मामले में काट रहा था आजीवन कारावास की सजा
केन्द्रीय जेल में रीवा नारेन्द्र उर्फ गुड्डू पटेल पिता छोटेलाल पटेल निवासी नौढिय़ा थाना लौर जिला मऊगंज आजीवन कारावास की सजा काट रहा था। धारा 302 व दहेज अधिनियम में उसे 11 अप्रैल 2012 को अपर सत्र न्यायाधीश मऊगंज की अदालत से आजीवन कारावास की सजा हुई थी जिस पर उसे 19 अप्रैल को केन्द्रीय जेल रीवा लाया गया था। उसके बाद से उक्त कैदी लगातार जेल में बंद था। 17 जनवरी को उसे केन्द्रीय जेल रीवा से पैरोल पर रिहा किया गया था। इस दौरान बाहर उसका एक्सीडेंट हुआ था जिसके पैर में चोट आई थी।
पैरोल में हुआ था एक्सीडेंट
1 फरवरी को जेल वापस आया था जिसने बाहर कराए गए उपचार और एक्सरे की फिल्म जेल में जमा की थी। उक्त कैदी की शुक्रवार को अचानक तबियत खराब हो गई थी। जेल से कैदी को प्रहरी द्वारा इलाज के लिए संजय गांधी अस्पताल लाया गया था जहां रात्रि में उसकी मौत हो गई। पूरे घटनाक्रम की अब न्यायिक जांच शुरू हो गई है। शनिवार को मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में शव की पंचनामा कार्यवाही कराई गई है। उसकी मौत किन कारणों की वजह से हुई यह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है।
परिजनों ने जेल में लगाया मारपीट का आरोप
वहीं दूसरी ओर परिजनो ंने जेल के अंदर कैदी के साथ मारपीट का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि जेल में उसके साथ मारपीट हुई थी जिसके बाद उसकी हालत खराब हुई है। अब वास्तविकता को छिपाने का प्रयास किया। कई बार उसने जेल में मारपीट की सूचना दी थी। इसकी निष्पक्ष जांच कराई जाये जिससे वास्तविकता सामने आ सके।
हृदय गति रुकने से मौत की आशंका
कैदी 1 फरवरी को पैरोल से वापस आया हुआ था जिसके पैर में चोट लगी थी और बाहर उसने इलाज करवाया था। शुक्रवार की रात उसने सीने में दर्द की शिकायत की थी जिस पर तत्काल उसको जेल एम्बुलेंस से एसजीएमएच भेजा गया जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हृदय गति रुकने से मौत की जानकारी सामने आ रही है।
एसके उपाध्याय, जेल अधीक्षक