केन्द्रीय व राज्य चुनाव आयोग को भेजी शिकायत, आयोग को भेजे गए पत्र में खुलासा
रीवा. क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी के कार्यालय में 15 से 20 तक कर्मचारी एक जगह पर पदस्त हैं। राज्य और केन्द्रीय आयोग को भेजे गए पत्र में खुलासा हुआ है। केन्द्रीय चुनाव आयोग के पत्र क्रमांक-436 के आदेश के तहत सामाजिक कार्यकर्ता अरूण ङ्क्षसह ने आरटीओ कार्यालय के कर्मचारियों की जानकारी चुनाव आयोग को भेजा है।
तेरह साल से पदस्थ बाबू
आयोग को भेजे गए पत्र के अनुसार क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय रीवा में 2005 से लेकर अब तक कार्यालय में बाबू एक ही जगह पर पदस्थ हैं। लिस्ट के अनुसार 2005 से ललित कुमार शुक्ला, 1007 से श्रीनिवास पांडेय आदि कर्मचारी सहित देवराज सिंह, विष्णुदेव वर्मा, महेश ङ्क्षसह बघेल, अनिल कुमार खरे, पुष्पलता तिवारी आदि कर्मचारी लंबे समय से पदस्थ हैं। सामाजिक कार्यकर्ता ने आयोग को बताया है कि लंबे समय से पदस्थ कर्मचारी स्थानीय हैं। चुनाव प्रभावित करेंगे। लंबे समय से एक जगह पर जमें कर्मचारियों को दूसरे जिले में भेजे जाने की मांग उठाई है।
रीवा जनपद में चार साल से पदस्थ सीइओ की शिकायत
चुनाव आयोग को भेजे गए पत्र में रीवा जनपद सीइओ प्रदीप दुबे को हटाए जाने की मांग की गई है। पत्र के माध्यम से चुनाव आयोग को बताया गया है कि सीइओ चार साल से पदस्थ हैं, गांवों के सरपंच-सचिव के जरिए चुनाव पर प्रभाव डाल सकते हैं।
पड़ोसी जिले में स्थानांतरण कराकर ले लिया प्रभार
सहायक संचालक उद्यानिकी गिरीश तिवारी रीवा में 2008 से मई 2018 तक पदस्थ रहे। शहर के पांडेन टोला निवासी सहायक संचालक नेताओं से साठ-गांठ कर पड़ोसी जिले सतना में स्थानांतरण कराकर रीवा जिले का प्रभार ले लिया है। स्थानीय होने के कारण जिले में विधानसभा चुनाव को प्रभावित करेंगे। चुनाव आयोग को दी गई शिकायत में बताया गया है कि गिरीश तिवारी के संबंध राजनीतिक दलों से है। चुनाव आयोग को यह भी बताया गया है कि प्रधानमंत्री डिप सिंचाई योजना में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की गई है। रीवा से कार्यमुक्त कर जांच कराने की मांग उठाई है।