
रीवा. पुलिस की ज्यादती पर जिपं सदस्य शुक्रवार को लामबंद होकर अध्यक्ष की अगुवाई में पुलिस अधीक्षक से मिले। दर्जनभर से ज्यादा सदस्यों ने पुलिस अधीक्षक ललित शक्यवार को आवेदन देकर कहा कि घटना के समय मनगवां टीईओ के मोबाइल पर 25 बार फोन किया गया, लेकिन रिसीव नहीं हुआ। इसमें सदस्य का क्या कसूर है। लेकिन मनगवां पुलिस ने सदस्यों के खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर लिया है।
अवैध शराब बेचने वालों के इशारे पर दर्ज किया केस
अध्यक्ष अभय मिश्र की अगुवाई में पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे सदस्यों ने कहा कि जिपं सदस्य जयवीर सिंह के खिलाफ मनगवां की पुलिस उलही कला के सरपंच के इशारे पर कुछ अवैध शराब बेचने वालों के झूठी शिकायत पर मारपीट सहित अन्य मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले में पुलिस अधीक्षक ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आशुतोष गुप्ता से जांच कराने का आश्वासन दिया है। टीईओ के मोबाइल पर 25 बार फोन किया गया, लेकिन रिसीव नहीं हुआ। इसमें सदस्य का क्या कसूर है। लेकिन मनगवां पुलिस ने सदस्यों के खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस अधीक्षक को सौंपा ज्ञापन
इस दौरान सदस्यों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचने से पहले जिला पंचायत अध्यक्ष की अध्यक्षता में सदस्यों ने विभिन्न समस्याओं पर चर्चा कीजिपं सदस्य अंजू यादव के चोरी के मामले में कार्रवाई नहीं होने की बात रखी गई। उधर, सदस्य सुनीता पटेल के पति प्रदीप की पिटाई का मामला भी उठाया गया। ज्ञापन के दौरान प्रीतम सिंह, अशोक सिंह, बाबूलाल, ईश्वरी प्रसाद सिंह सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।
जिप कार्यालय में बैठक कर समस्याओं पर की चर्चा
पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचने से पहले जिला पंचायत अध्यक्ष की अध्यक्षता में सदस्यों ने विभिन्न समस्याओं पर चर्चा की। इस दौरान सदस्यों ने सरकार के द्वारा राज्यवित्त आयोग की दस-दस लाख रुपए के प्रस्ताव पर विस्तृत चर्चा की गई। इसके अलावा जिला खनिज न्यास सहित जिला पंचायत की राशि खर्च करने के प्रस्ताव पर भी चर्चा की गई।