
रीवा। शैक्षणिक गुणवत्ता को बेहतर करने अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय दूसरे विश्वविद्यालयों के साथ प्रोफेसरों व छात्रों को एक्सचेंज करेगा। उच्च शिक्षा विभाग की ओर से जारी निर्देश के अनुरूप विश्वविद्यालय में इसको लेकर तैयारी शुरू हो गई है। विभाग की ओर से कुलसचिव को इस बावत निर्देश जारी किया गया है।
छात्र भी जाएंगे दूसरे विश्वविद्यालय
एपीएस विवि सहित अन्य विश्वविद्यालयों के लिए जारी आदेश के मुताबिक नए शैक्षणिक सत्र से प्रोफेसर व छात्र दोनों के एक्सचेंज की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। पहली बार शुरू की गई इस प्रक्रिया के तहत एपीएस विवि के प्रोफेसर व छात्र दूसरे विश्वविद्यालयों में अध्यापन व अध्ययन के लिए जाएंगी।
एपीएस में भी आएंगे प्रोफेसर व छात्र
ठीक इसी प्रकार दूसरे विश्वविद्यालय के प्रोफेसर व छात्र यहां अध्यापन व अध्ययन के लिए आएंगे। उद्देश्य छात्रों को दूसरे प्रोफसरों से नवीन ज्ञान प्राप्त करना है। इस प्रक्रिया से प्रोफेसर व छात्र दोनों को नया वातावरण मिलेगा। जिससे अध्ययन-अध्यापन के रुचि जगेगी और शैक्षणिक गुणवत्ता में उन्नयन होगा।
अधिकारियों में भ्रम की स्थिति
विभाग की ओर से जारी आदेश के मद्देनजर यहां एपीएस विवि में योजना पर अमल की तैयारी तो शुरू कर दी गई है। लेकिन अधिकारियों में कई बातों को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है। विभाग की ओर से भी अभी कई बिन्दुओं पर दिशा-निर्देश जारी नहीं किया गया है। अधिकारी खासतौर पर इस बात को लेकर परेशान हैं कि एक दूसरे विश्वविद्यालय में प्रोफेसरों व छात्रों के एक्सचेंज में आने वाला खर्च कैसे मैनेज किया जाएगा।
समिति गठित करने का निर्णय
फिलहाल एपीएस में निर्देश पर अमल करते हुए एक समिति गठित करने का निर्णय लिया गया है। गठित समिति यह निर्णय लेगी कि योजना के तहत किस विश्वविद्यालय व पाठ्यक्रम में प्रोफेसरों व छात्रों को एक्सचेंज शैक्षणिक दृष्टि से कारगर होगा। इसके लिए छात्रों और प्रोफेसरों से भी उनके विमर्श लिए जाएंगे। एक्सचेंज योजना पर विमर्श के बाद ही आगे का निर्णय लिया जाएगा। अभी शासन से कुछ बिन्दुओं पर दिशा-निर्देश मांगा जाएंगा।