
Sagar News : नेशनल लोक अदालत 12 सितंबर को मध्य प्रदेश के अन्य शहरों की तरह सागर में भी लगेगी। मध्य प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार व प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष एमके शर्मा के मार्गदर्शन में शनिवार को जिला न्यायालय, परिवार न्यायालय एवं जिले के सभी तहसील न्यायालयों में नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा।
लोक अदालत में न्यायालयों में लंबित विभिन्न मामलों का पक्षकारों की आपसी सहमति से निराकरण किया जाएगा। इनमें आपराधिक शमनीय प्रकरण, पराक्राम्य अधिनियम की धारा 138 के मामले, बैंक एवं मनी रिकवरी संबंधी प्रकरण, मोटर दुर्घटना क्षतिपूर्ति दावा प्रकरण, श्रम एवं रोजगार विवाद, विद्युत एवं जल कर-बिल संबंधी शमनीय मामले, वैवाहिक प्रकरण तथा दीवानी मामले शामिल हैं।
नगर निगम सागर की ओर से बकाया संपत्तिकर, जलकर और उपभोक्ता प्रभार जमा करने वाले करदाताओं को अधिभार (सरचार्ज) में विशेष रियायत दी जाएगी। यह विशेष रियायत केवल एक दिन के लिए लागू होगी। निगमायुक्त राजकुमार खत्री ने राजस्व अधिकारी बृजेश तिवारी को लोक अदालत के दौरान सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने और पर्याह्रश्वत कर्मचारियों की तैनाती के निर्देश दिए हैं ताकि नागरिकों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े।
शनिवार को मकरोनिया नगर पालिका में नेशनल लोक अदालत के माध्यम से करों के अधिभार में रियायत मिलेगी। संपत्ति कर और जलकर से संबंधित प्रकरणों का त्वरित निराकरण किया जाएगा। सीएमओ पवन शर्मा ने अपील की है कि वे अपने लंबित करों का समय पर भुगतान कर शासन की ओर से निर्धारित नियमों के अनुसार मिलने वाली रियायत का लाभ उठाएं। नगर पालिका प्रशासन ने बताया कि जिन करदाताओं पर संपत्ति कर या जलकर की बकाया राशि है, वे नेशनल लोक अदालत में उपस्थित होकर अपने प्रकरणों का निराकरण करवा सकते हैं।
जो करदाता लोक अदालत स्थल पर जाने में असमर्थ हैं, वह एमपी ईन गरपालिका एप या पोर्टल के माध्यम से घर बैठे भी अपने करों का ऑनलाइन भुगतान कर सकते हैं। निगमायुक्त ने सभी बकायादारों से अपील की है कि वे इस एक दिवसीय अवसर का लाभ उठाकर अपने करों का भुगतान करें और अधिभार में राहत प्राह्रश्वत करें। समय पर कर भुगतान से मिलने वाले राजस्व से शहर के विकास कार्यों और नागरिक सुविधाओं को गति मिलेगी।
-50 हजार रुपए तक की बकाया राशि पर 100 प्रतिशत।
-50 हजार से 1 लाख रुपए तक के बकाया पर 50 प्रतिशत।
-1 लाख रुपए से अधिक की बकाया राशि पर 25 प्रतिशत।
-10 हजार रुपए तक की बकाया राशि पर 100 प्रतिशत।
-10 हजार से 50 हजार रुपए तक के बकाया पर 75 प्रतिशत।
-50 हजार रुपए से अधिक की बकाया राशि पर 50 प्रतिशत।