आयुर्वेदिक डॉक्टर अपने मरीज द्वारा ही 28 लाख 78 हजार रुपए की ठगी का शिकार बन गए। मरीज ने डॉक्टर के बेटे को एमबीबीएस में प्रवेश दिलाने का झांसा देकर यह ठगी की। जब प्रवेश नहीं होने पर रकम वापस मांगी तो आरोपी मरीज ने इनकार कर दिया। आखिर में आयुर्वेदिक डॉक्टर ने मोतीनगर थाने […]
आयुर्वेदिक डॉक्टर अपने मरीज द्वारा ही 28 लाख 78 हजार रुपए की ठगी का शिकार बन गए। मरीज ने डॉक्टर के बेटे को एमबीबीएस में प्रवेश दिलाने का झांसा देकर यह ठगी की। जब प्रवेश नहीं होने पर रकम वापस मांगी तो आरोपी मरीज ने इनकार कर दिया। आखिर में आयुर्वेदिक डॉक्टर ने मोतीनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत में बड़ा बाजार निवासी डॉ. गोविंद गुप्ता ने बताया कि वह मेरा बेटा हर्षवर्धन गुप्ता 2022 में मेडिकल के प्रवेश की तैयारी कर रहा था। मेरी दुकान पर चमेली चौक निवासी रामकुमार उपाध्याय दवा लेने आते थे, बातचीत में उन्हें बेटे के कम अंक होने की वजह से प्रवेश नहीं मिल पाने की परेशानी बताई। रामकुमार ने अपने ताल्लुक मेडिकल कॉलेज संचालकों और बड़े नेताओं से बताते हुए प्रवेश दिलाने का भरोसा दिलाया। प्रवेश दिलाने पर 25-30 लाख रुपए का खर्च बताया। आरोपी की बातों में आकर 2023 तक अलग-अलग समय में 26 लाख रुपए उसे दे दिए। इसके बाद आरोपी रामकुमार उपाध्याय ने कहा कि तुम्हारे लड़के का मेडिकल कॉलेज में प्रवेश हो गया है और 2.75 लाख रुपए फिर दिए गए। आरोपी से एडमिशन न करा पाने पर जब पैसे मांगे तो उसने इनकार कर दिया।
मामले में पीडि़त पक्ष ने मोतीनगर पुलिस को आरोपी रामकुमार द्वारा किए गए लेन-देन से संबंधित रिकार्डिंग सुरक्षित होने की बात कही। गोविंद गुप्ता ने कहा कि उक्त पैसे बेटा हर्षवर्धन गुप्ता, पत्नी सीता गुप्ता और अमित साहू के सामने अपने घर पर दिए। यह रकम उसने अपना घर गिरवी रखकर दिए थे।
डॉ. गोविंद गुप्ता ने बताया कि आरोपी ने 2023 से पैसे लौटाने के बहाने बनाता रहा है। 2023 में ही मेरे लडक़े के अच्छे नंबर आने पर उसका महावीर मेडिकल कॉलेज भोपाल में एडमिशन हो गया था। आरोपी पैसे देने के लिए तरह-तरह के बहाने बनाता रहा और अब उसने पैसे देने से मना कर दिया और धमकी भी दी, जिसके बाद पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है।