दारुल उलूम के मोहतमिम ने कहा सरकार की गाइड लाइन के अनुसार शुरू होगा शिक्षण कार्य नए शिक्षण सत्र में शामिल हाेने के लिए तलबाओं काे परिजनाें से लाना हाेगा सहमति पत्र
पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क
सहारनपुर ( Deoband ) करीब 11 माह से तलबाओ के लिए बंद चल रहे देवबंद दारुल उलूम ( darul uloom deoband ) के दरवाजे 24 फरवरी को फिर से खुल रहे हैं। यानी 24 फरवरी से देवबंद दारुल उलूम में शिक्षण कार्य शुरू हो जाएगा। मजलिस-ए- तालीमी की बैठक में इस निर्णय पर अंतिम सहमति बन गई है।
दारुल उलूम के मोहतमिम मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी ने कहा है कि शिक्षण कार्य शुरू हो रहा है। इस दौरान सरकारी गाइडलाइन का पूरा ध्यान रखा जाएगा। संस्थान को तलबाओं के स्वास्थ्य की पूरी फिक्र है जिसे देखते हुए मास्क, सैनिटाइजर का इस्तेमाल होगा और सामाजिक दूरी का भी शिक्षण के दौरान पूरा ध्यान रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी तलबाओं को इसके बारे में सूचित कर दिया गया है। देशभर में जहां भी देवबंद दारुल के तलबा रह रहे हैं अब वापस लौटेंगे और दोबारा से शिक्षण कार्य शुरू होगा।
अनुमति प्रमाण पत्र होगा जरूरी
दारुल उलूम के मोहतमिम मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी ने यह भी कहा है कि जो भी तलबा दारुल उलूम में पढ़ाई के लिए आएंगे उन्हें अनुमति प्रमाण पत्र देना होगा। यानी तलवारों को अपने अभिभावकों से सहमति लिखवाकर लानी होगी। इस अनुमति प्रमाण पत्र के बाद ही उन्हें संस्था में आने की इजाजत दी जाएगी।