मेजर जनरल ने तलबा को दी सेना में आने की दावत देवबंद दारूल उलूम के 150 वर्ष के इतिहास काे जाना दारूल उलूम की लाईब्रेरी का भी किया भ्रमण
देवबंद। इंडियन आर्मी के मेजर जनरल रिक्रूटमेंट जनरल एससी शरण दारुल उलूम देवबन्द पहुंचे और ओर दारुल उलूम के मोहतमिम मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी से भेंट की। उन्होंने दारुल उलूम की शिक्षा पद्धति के बारे में जाना और कहा कि सेना में भी तलबा के लिए दरवाजे खुले हैं।
मेजर जनरल रिक्रूटमेंट जनरल एससी शरण दारुल के मेहमानखाने पहुंचे और मोहतमिम मौलाना मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी से दारूल उलूम की शिक्षा पद्धति के बारे में विस्तार से जानकारी ली। वार्ता के दौरान मोहतमिम ने संस्था की शिक्षा पद्धति के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि, संस्था की ओर दी जा रही शिक्षा के बल पर तलबा देश की बहुत सी यूनिवर्सिटी में सीधे प्रवेश पा सकते हैं।
इस दाैरान मेजर जनरल ने दारूल उलूम के तलबा को सेना में भर्ती हाेने के लिए भी कहा। मेजर जनरल ने कहा कि सेना में इमाम और कुरआन की शिक्षा समेत बहुत से ऐसे वरिष्ठ पद हैं जिन पर रह कर संस्था के तलबा सेना और देश की सेवा कर सकते हैं। मेजर जनरल एससी शरण ने कहा कि दारुल उलूम के इतिहास से वह बहुत प्रभावित हैं।
मेजर जनरल ने मोहतमिम से पूछा कि संस्था के 150 साल के इतिहास में धर्म में क्या परिवर्तन हुआ है। इस पर मोहतमिम ने जवाब दिया कि मजहब में परिवर्तन नहीं होता है। अलबत्ता समाज मे जरूर परिवर्तन हो रहा है। मेजर जनरल ने दारुल उलूम की रशीदिया मस्जिद, नई एवं पुरानी लाइब्रेरी का भी भृमण किया।