सहारनपुर में वाहन चालकाें ने ट्रैफिक नियम ताेड़ने पर महज छह माह में 70 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना दिया है।
सहारनपुर। शिवमणि त्यागी
स्मार्ट सिटी सहारनपुर, या कह लीजिए दर्जा प्राप्त स्मार्ट सिटी सहारनपुर के लाेग सीखने काे बिल्कुल भी तैयार नहीं है। सहारनपुर के लाेग ट्रैफिक नियमाें का पालन करने में फसड्डी साबित हाे रहे हैं। यही नहीं सहारनपुर में आने के बाद गैर जिलाें आैर प्रदेशाें के वाहन चालक भी यहीं के लाेगाें के रंग में जाते हैं आैर अपने जिलाें आैर प्रदेशाें में ट्रैफिक नियमाें के प्रति सचेत रहने वाले वाहन चालक भी सहारनपुर की सीमा में प्रवेश करते ही देखा-देखी ट्रैफिक नियमाें के प्रति लापरवाह हाे जाते हैं आैर ट्रैफिक नियमाें का उल्लंघन करने लगते हैं।
यह भी पढ़ें
यह हम नहीं कर रहे, बल्कि इस दलील की वकालत सहारनपुर में छह माह में ट्रैफिक नियम ताेड़ने वालाें के खिलाफ हुई कार्रवाई के ग्राफ ने की है। आपकाे यह जानकर हैरानी हाेगी कि महज छह वर्ष में सहारनपुर में ट्रैफिक नियमाें का पालन नहीं करने वाले वाहन चालकाें ने 70 लाख रुपये दंड के रूप में अदा किए हैं जुर्माना दिया है। यह सभी वह लाेग हैं जाे जिन्हाेंने आरटीआे की टीम आैर ट्रैफिक पुलिस टीम की नजराें के सामने ट्रैफिक नियमाें का ताेड़ा आैर इन्हे माैके पर ही पकड़ लिया गया। छह माह के अंतराल में जुर्माने के इस ग्राफ काे देखकर आप सहज ही अंदाजा लगा सकते हैं कि सहारनपुर के लाेग ट्रैफिक नियमाें के प्रति कितने सचेत हैं कितने गंभीर हैं ? यहां हम आपकाे यह भी बता दें कि महज छह माह में 70 लाख रुपये जुर्माने के रूप में जमा करने के बाद भी सहारनपुर के लाेगाें काे अपनी जेब ढीली नहीं लगती उन्हे इससे काेई फर्क नहीं पड़ता एेसा इसलिए कहा जा रहा है क्याेंकि इतनी बड़ी रकम जुर्माने के रूप में देने के बाद भी सहारनपुर के लाेग वाहन चलाते सीट बेल्ट या हैलमेट पहनने काे राजी नहीं है आैर यही कारण है कि जुर्माने का यह ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है।
आईए डालते हैं एक नजर
सहारनपुर सम्भागीय परिवहन अधिकारी प्रशासन अजित कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक, चालू वित्तीय वर्ष में किये गये चालानों से 284.43 लाख रूपये का शमन शुल्क वसूला जा चुका है। यानि चालू वर्ष में सहारनपुर में वाहन चालकाें पर लगे जुर्माने का ग्राफ 3 कराेड़ रुपये की धनारिश काे भी पार करने जा रहे हैं।
अगर हम एक जनवरी 2018 से 20 जून 2018 तक चलाये गये अभियान पर नजर डाले ताे परिमाण बेहद चाैंकाने वाले हैं। इस अवधि में सीटबेल्ट आैर हेलमेट ना लगाने पर कुल 1616 व्यक्तियों के चालान किये गये। 85 वाहन बंद कर दिए आैर इन वाहन चालकाें ने केवल सीट बेल्ट ना लगाने आैर हैलमेट ना पहनने की अपनी गलती पर 2.84 लाख रूपये का प्रशमन शुल्क दिया। इसी प्रकार ओवर लोड वाहन में 342 का चालान किया गया 308 बंद किये गए। इन वाहन चालकाें ने 60.59 लाख रूपये प्रशमन शुल्क के रूप में दिए। इसी तरह से अनाधिकृत वाहनों के विरूद्ध हुई कार्यवाही में 110 वाहनों के चालान किए गए। 104 वाहनों को बंद किया गया तथा 1.10 लाख रूपये प्रशमन शुल्क वसूला गया। बिना बीमा के चलने वालों वाहनों के विरूद्ध 696 का चालान तथा 36 वाहनों को बंद किया गया आैर इनसे 2.80 लाख रूपये प्रशमन शुल्क वसूला गया। स्कूल वहानों के विरूद्ध कार्यवाही में 91 वहानों का चालान किया गया। सभी 91 वाहन बंद किये गये तथा 1.96 लाख रूपये प्रशमन शुल्क वसूला गया। वाहन चलाते समय मोबाईल का प्रयोग करने पर 46 चालकों का चालान किया गया। इनमे से 6 वाहन बंद किये गये तथा .03 लाख रूपये प्रशमन शुल्क वसूला गया। यहां हम आपकाे यह भी बता दें कि इस इन छह माह में वाहन चलाते समय बेहद घाेर लापरवाही करने वाले 153 वाहन चालकों का लाईसेंस भी निरस्त करना पड़ा।