सतना

BJP नेता के फर्जी पत्र से 9 पटवारियों के तबादले, मचा हड़कंप

MP News : सतना जिले की रघुराजनगर तहसील में 1 अप्रैल को 9 पटवारियों के हुए तबादले के पीछे एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जिस भाजपा पदाधिकारी के पत्र को आधार बनाकर यह तबादला रणनीति तैयार की गई, उसने पत्र को फर्जी करार देते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया।
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Updated: 4 Apr 2025, 9:05 AM IST
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MP News : सतना जिले की रघुराजनगर तहसील में 1 अप्रैल को 9 पटवारियों के हुए तबादले के पीछे एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जिस भाजपा पदाधिकारी के पत्र को आधार बनाकर यह तबादला रणनीति तैयार की गई, उसने पत्र को फर्जी करार देते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया। भाजपा(BJP) अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष अशोक कोल ने दावा किया कि उनके नाम से मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) को भेजा गया पत्र फर्जी(

Fake Transfer)

है।

इस घटनाक्रम( Fake Transfer )की शुरुआत 15 नवंबर 2024 को भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष अशोक कोल के नाम से लिखे गए एक पत्र से हुई, जो मुख्यमंत्री को संबोधित था। इसमें रघुराजनगर तहसील में 5 साल से जमे पटवारियों और राजस्व निरीक्षकों के तबादले की मांग की गई थी। पत्र में आरोप था कि सतना, सोहावल और रामस्थान सर्किल में पटवारी और आरआइ ने गिरोह बनाकर जनता के कार्यों की अनदेखी की। खसरे में त्रुटियां कर लोगों को डरा-धमकाकर जमीन की खरीद-फरोख्त में हेरफेर किया जाता है। इससे परेशान किसान अपनी जमीन इनके या इनके इशारे पर बताए लोगों को बेचने को मजबूर होते हैं।

पत्र में बृजेश निगम, वीरेश सिंह, हेमंत सिंह, स्नेहलता सिंह, अनूप पांडेय, उमेश सिंह, अजय सिंह और श्रीकृष्ण गौतम के नामों का उल्लेख कर इन्हें हटाने की मांग की गई थी।

खड़े हुए सवाल

तबादले (Fake Transfer)का मामला सवालों में घिर गया। जिन पटवारियों को हटाने की बात थी, उन्हें कमाई वाले हल्कों में भेज दिया गया। इससे राजस्व महकमे में हड़कंप मच गया। तबादलों पर प्रतिबंध के बावजूद हल्के बदलने और शहरी-ग्रामीण तबादले शहरी एसडीएम द्वारा करने पर सवाल उठने लगे।

हुआ विस्फोटक खुलासा

तबादलों के पीछे पत्र की कहानी भाजपा पदाधिकारी अशोक कोल तक पहुंची। हैरान अशोक ने तुरंत मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) और कलेक्टर को सूचित किया। पत्रिका को उन्होंने बताया कि ऐसा कोई पत्र उनके द्वारा नहीं लिखा गया है। इसकी जानकारी फैक्स के जरिए सीएमओ को भेजी है। कलेक्टर से मिल कर इससे अवगत करवाया है।

मुख्यमंत्री कार्यालय ने संज्ञान लिया

मुख्यमंत्री कार्यालय ने जनवरी महीने में इस पत्र पर संज्ञान लिया। मार्च के पहले सप्ताह में अपर सचिव स्तर से सतना कलेक्टर को निर्देश भेजा गया, जिसमें इसे उच्च प्राथमिकता का मामला बताकर कार्रवाई के लिए कहा गया। इसके आधार पर अनुविभागीय अधिकारी रघुराजनगर के आदेश क्रमांक 162 के तहत 9 पटवारियों के हल्के बदल दिए गए।

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4 Apr 2025, 9:05 AM IST
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