स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप, जिम्मेदारों के हाथ-पांव फूले
सतना. डेंगू से मासूम की मौत के बाद अब चिकनगुनिया से मौत का मामला सामने आया है। वहीं दो पीडि़तों में जांच के बाद डेंगू-चिकनगुनिया और एक पीडि़त में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। तीन बीमारियों के एकसाथ अटैक से स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मच गया है। बैक्टरजनित रोग नियंत्रण में नाकाम साबित हो रहे जिम्मेदारों के औचक पीडि़तों के सामने आने पर हाथ-पांव फूल गए हैं।
जबलपुर में तोड़ा दम
बताया गया, उचेहरा के तुलसी मार्ग वार्ड क्रमांक-15 निवासी बिहारी लाल साहू (65) को बीते एक सप्ताह से बुखार आ रहा था। जोड़ों में दर्द, सिरदर्द, चक्कर आने की शिकायत भी थी। परिजनों ने निजी क्लीनिक में उपचार कराया। आराम नहीं मिला तो सीएचसी में इलाज कराया, लेकिन तबीयत बिगड़ती जा रही थी। चिकित्सकों के परामर्श के बाद पीडि़त को जबलपुर में दाखिल कराया गया। वहां आशंका होने पर पीडि़त को एलाइजा जांच कराने का परामर्श दिया गया। एलाइजा जांच के बाद वृद्ध को डेंगू के साथ चिकनगुनिया की पुष्टि हुई। चिकित्सकों ने आनन-फानन इलाज आरंभ किया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। वृद्ध ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
स्वाइन फ्लू पीडि़ता मिली
उधर, मैहर के बेलदरा गांव की राजकुमारी सिंह (30) ने सर्दी-जुकाम से पीडि़त होने के बाद निजी क्लीनिक में दिखाया। आराम नहीं मिलने पर सरकारी अस्पताल पहुंचे पर स्वास्थ्य में सुधार नहीं हो रहा था। इसके बाद परिजन आनन-फानन जबलपुर लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने आशंका होने पर पीडि़ता के स्वाब की जांच करने सैंपल लिया। आइसीएमआर की जांच रिपोर्ट में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इस सीजन में स्वाइन फ्लू का यह पहला मामला है।
मासूम भी डेंगू-चिकनगुनिया से पीडि़त
रामपुर बाघेलान के अतरिया गांव निवासी एक वर्षीय मासूम अनिकेत कुशवाहा पिता धनंजय कुशवाहा को तीन-चार दिनों से बुखार आ रहा था। परिजनों ने गांव से लेकर सतना तक इलाज कराया पर आराम नहीं मिला। तबीयत बिगडऩे पर मासूम को लेकर जबलपुर पहुंचे। वहां एलाइजा जांच के बाद मासूम को डेंगू के साथ चिकनगुनिया की पुष्टि हुई। मासूम का इलाज जबलपुर में चल रहा है। इसके अलावा पन्ना के जनकपुर गांव निवासी श्याम शर्मा पिता राजेंद्र शर्मा भी बुखार से पीडि़त थे। इलाज के बाद भी आराम नहीं मिलने पर चिकित्सकों ने एलाइजा जांच कराने का परामर्श दिया। पीडि़त युवक की जिला अस्पताल नैदानिक केंद्र में जांच के बाद डेंगू की पुष्टि हुई है।
अब तक डेंगू से 2, चिकनगुनिया से 1 मौत
जिलेभर में दो माह के अंदर डेगू के सात पीडि़त सामने आ चुके हैं। इनमें से दो पीडि़तों की इलाज के दौरान मौत हो चुकी है। वहीं चिकनगुनिया के एक सप्ताह में दो पीडि़त सामने आए हैं। एक पीडि़त की इलाज के दौरान जबलपुर में मौत हो चुकी है।