मध्यप्रदेश के सतना जिला अंतर्गत उचेहरा कस्बे में भाई-बहन को एक साथ सर्प डसने का मामला सामने आया है। इस हादसे में जहां भाई की मौके पर मौत हो गई।
सतना। मध्यप्रदेश के सतना जिला अंतर्गत उचेहरा कस्बे में भाई-बहन को एक साथ सर्प डसने का मामला सामने आया है। इस हादसे में जहां भाई की मौके पर मौत हो गई। वहीं बहन अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही है। बताया गया कि बीती रात गहरी निद्रा में दोनों भाई-बहन एक कमरे में सो रहे थे। तभी सर्प ने डस लिया। शरीर में ज्यादा जलन होने पर दोनों ने माता-पिता को घटना की जानकारी दी। माता-पिता ने जैसे ही लाइट जलाई तो उनके होश उड़ गए।
क्योंकि उनके बिस्तर पर काला सर्प बैठा हुआ था। आनन-फानन में किसी तरह बिस्तर से बच्चों को उठाकर नीचे लाया गया। तब तक दोनों की तबियत बिगडऩे लगी। आस-पड़ोस के लोग एकत्र होकर तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र उचेहरा में बच्चों को भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों ने लड़की को तो बचा लिया पर लड़के की जान चली गई।
मिली जानकारी के मुताबिक उचेहरा कस्बा निवासी मोहम्मद शफीक खान का खेलता-खाता परिवार था। परिवार पर कब मौत का काला साया मडऱाने लगा किसी को पता ही नहीं चला। सोमवार की रात करीब 10 बजे पूरा परिवार खाना खाकर अपने-अपने कमरे में सोने चले गए।
पुत्र जैनुल खान 12 वर्ष और पुत्री रुकशाना 18 वर्ष एक कमरे में ही सो रहे थे। लाइट बंद होते ही करीब 11 बजे दोनों को सर्प ने डस लिया। शरीर में जलन महसूस हुई तो परिवार के सदस्यों को बताया। माता-पिता दौड़ कर उनके कमरे के अंदर पहुंचे। लाइट चालू की तो पैरों तले से जमीन खिसक गई।
अस्पताल में बच्चे ने तोड़ा दम
शोर-शराबा सुनकर आसपास के लोग एकत्र हो गए। बच्चों को बिस्तर से उठाकर नीचे लाया गया। तब तक जैनुल की तबियत ज्यादा बिगड़ चुकी थी। तुरंत दोनों को उचेहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र ले जाया गया। जहां चिकित्सकों ने जैनुल की नब्ज टटोलते ही मृत घोषित कर दिया जबकि प्राथमिक उपचार के बाद रुकशाना को बचा लिया गया है। मृत बच्चे का दूसरे दिन मंगलवार की सुबह पीएम कराकर परिजनों को शव सौंप दिया गया है।
बुझ गया परिवार का चिराग
मोहल्लेवासियों ने बताया कि मोहम्मद शफीक खान के एक बेटा और एक बेटी ही थी। सर्प के डसने से पूरे परिवार का चिराग ही बुझ गया। जिसमें बेटा की मौत हो गई। बेटी की भी अभी स्थित में कुछ सुधार नहीं कहा जा सकता है। क्योंकि सर्प के डसने का नशा कब चढ़ जाए और कब उतर जाए किसी को पता नहीं चलता है। पूरे परिवार में बेटे की मौत के बाद से मातम पसरा हुआ है। घर के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।