सतना

ग्राम पंचायत में नहीं हुई ठहरने की व्यवस्था तो खेतों में पेड़ के नीचे क्वारंटाइन हुए मजदूर

- मंगरौरा में संक्रमण को बढ़ावा दे रहे सरपंच-सचिव- जानबूझकर स्कूल से भगाया जा रहा खेत की ओर

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May 13, 2020
coronavirus effects: Story of Magraura Village in Maihar Region satna

सतना. मैहर जनपद अंतर्गत मंगरौरा ग्राम पंचायत में सरपंच-सचिव मिलकर कोरोना संक्रमण को बढ़ावा दे रहे है। आलम है कि प्रवासी मजदूर बाहर के शहरों से पलायन कर गांव लौट रहे है। जिनको जानबूझकर स्कूल से भगा दिया जाता है। सूत्रों ने बताया कि शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में बनाए गए क्वारंटीन सेंटर दो दिन से बंद है। आरोप है कि गुजरात के सूरत से लौटे मजदूरों को सरपंच सचिव ने संक्रमित न होने का दावा करते हुए क्वारंटीन सेंटर से वापस कर दिया। ऐसे में ग्रामवासियों के उपर संक्रमण का खतरा मडऱा रहा है। वहीं अभी तक पंचायत स्तर में न कोई रोजगार की व्यवस्था बनाई गई है और न ही कोरोना संक्रमण को लेकर पंचायत अमला सतर्क है।

जागरूक मजदूर खेतों में हुए क्वारंटीन
शिक्षित वर्ग ने बताया कि गांव के जागरूक मजदूरों ने खुद अपने-अपने खेतों तंबू और पेड़ों के नीचे ठहरे हुए है। जो श्रमिक खेतो में ठहरे है वे दो दिन पहले पांच लोग साथ में लौटकर मुंबई से आए थे। इनकी न तो सरपंच ने सुध ली और न ही खाने पीने की कोई व्यवस्था की गई। जबकि शासनस्तर से सभी पंचायतों को फंड भी दिया गया है। उसको मिल बांटकर खाने की तैयारी की जा रही है।

क्वारंटीन सेंटर में नहीं बिजली-पानी
मंगरौरा के ग्रामीणों ने बताया कि जिस स्कूल को क्वारंटीन सेंटर बनाया गया है। वहां न तो बिजली है और न पानी। इसीलिए आरोप-प्रत्यारोप से बचने के लिए प्रवासी मजदूरों को क्वारंटीन सेंटर में न ठहरा कर सीधे घर भेजा जा रहा है। जिससे स्कूल में ठहरने वाले मजदूर कल कोई सुविधाओं की मांग न उठाए।

Published on:
13 May 2020 10:55 pm
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