
सतना। जिले में इस विधानसभा चुनाव में महिला कर्मचारियों की भी ड्यूटी लगाई जाएगी। यह स्थिति पुरुष मतदान कर्मियों की घट रही संख्या के कारण बनी है। चुनाव आयोग ने भी वीडियो कॉन्फे्र सिंग में स्पष्ट करते हुए महिलाओं की ड्यूटी मतदानकर्मी के रूप में लगाने की अनुमति दे दी है।
आयोग ने जिला निर्वाचन अधिकारी को बताया कि जहां भी मतदानकर्मियों के रूप में पुरुष कर्मियों की संख्या घट रही है वहां महिला कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जा सकेगी। यह जरूर राहत दी है कि इनकी ड्यूटी शहरी मतदान केंद्रों और उनके कार्यस्थल के निकट के मतदान केंद्रों में लगाई जा सकेगी। दुरुह और सुदूरवर्ती क्षेत्रों में ड्यूटी न लगाने की भी बात कही गई है।
यह है स्थिति
जिले में अभी तक कर्मचारियों की जो फीडिंग की गई है उनकी कुल संख्या 16624 है। इसमें 12665 पुरुष तथा 3959 महिला कर्मचारी शामिल हैं। उधर रिजर्व मिलाकर कुल मतदानकर्मी 8703 चाहिए। लेकिन जो कर्मचारी फीड किए गए हैं उसमें से 1978 बीएलओ और 628 बीमार विकलांग कर्मचारियों को हटाना होगा। ऐसे में 10 हजार पुरुष कर्मचारी मतदानकर्मियों के लिए उपलब्ध होते हैं।
इस बार बढ़ गए है मतदान केन्द्र
इसमें से चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हटाने के बाद तथा सेक्टर, एसएसटी सहित अन्य टीमों आदि में लगाने के बाद मतदानकर्मियों के लिए पुरुष कर्मचारियों की संख्या कम हो रही है। ऐसे में अब जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा महिला कर्मचारिओं की ड्यूटी भी लगाने की तैयारी में जुट गया है। बताया गया कि इस बार मतदान केन्द्रों की संख्या काफी बढ़ गई है। इस वजह से यह स्थिति बनी है।
ली राहत की सांस
आयोग की ओर से सामान्य तौर पर महिला कर्मचारियों की ड्यूटी मतदानकर्मी के रूप में नहीं लगाने के निर्देश हैं। यह भी तय है कि इनके नाम रेंडमाइजेशन में शामिल नहीं किए जाएं। क्योंकि रेंडमाइजेशन में निवास और कार्यस्थल से इतर ड्यूटी लग जाती है।