ठाकुर रणमत सिंह ने जैसे भारत की कल्पना की थी वैसा ही भारत बनेगा: राजनाथ
सतना। केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह सतना जिला स्थित कोठी में वीर योद्धा व क्रांतिकारी ठाकुर रणमत सिंह की मूर्ति का रविवार की दोपहर करीब 12.30 बजे अनावरण किया। मूर्ति को अनावरण करते हुए केंद्रीय गृहमंत्री ने कहा कि रणमत सिंह ने जैसे भारत की कल्पना की थी वैसा भारत बनेगा। मोदी ने शपथ लेते ही इरादे स्पष्ट किये थे। गरीबी, बेरोजगारी जिस दिन भारत से दूर हो जाएगी उस दिन भारत सशक्त और स्वाभिमानी बन जाएगा। सरकार बनने के बाद किसी देश का पीएम स्वच्छता का आह्वान करे यह पहली बार हुआ है।
कभी आजाद भारत में पीएम, राष्ट्रपति, सीएम, गवर्नर को सड़क पर झाडू़ लगाते देखा था। गंदगी इस देश की बड़ी चुनौती है। हमारी सरकार के मन में तड़प पैदा हुई कि हम एलपीजी गैस गरीबो को दे हमारे सारे कदम भारत की सशक्त और स्वाभिमान, स्वावलंबी भारत बनाने के लिए उठाए गए हैं। मैं गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं। इसके लिए मैं सांसद गणेश सिंह के प्रति आभारी हूं। गृहमंत्री की जिम्मेदारी बड़ी है, सारी व्यस्तताओं के बावजूद गणेश सिंह के एक आग्रह पर मैंने उन्हें सहमति दे दी थी। क्योंकि ये मेरे लिए सौभाग्य की बात है कि ठाकुर रणमत सिंह क्रांतिकारी के कार्यक्रम में शामिल होकर अपने आपको धन्य महसूस कर सकूं।
खजुराहों से आए सतना
बता दें कि, केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह दिल्ली से सरकारी बीमान पर सवार होकर खजुराहो पहुंचे। इसके बाद बीएसएफ के चौपर से सतना हवाई पट्टी 11.50 में पहुंच। यहं 10 मिनट जनप्रतिनिधियों से मिलने के बाद कोठी के लिए रवाना हो गए। 12.30 बजे कोठी पहुंचकर क्रांतिकारी ठाकुर रणमत सिंह की मूर्ति का अनावरण किया। केंद्रीय गृहमंत्री की अगवानी करने के लिए सतना हवाई पट्टी में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष राकेश सिंह, प्रदेश संगठन महामंत्री वीडी शर्मा, सांसद गणेश सिंह सहित सतना भाजपा के विधायक और अन्य नेताओं मौजूद रहे।
जब तक देश रहेगा ठाकुर रणमत सिंह का नाम रहेगा
ठाकुर रणमत सिंह को फांसी पर भी चढ़ाया गया तो वो भी धोखे और गद्दारी से। वरना अंग्रेजों की हैसियत नहीं थी कि युद्ध में उन्हें परास्त कर लेते। अकेले एक टुकड़ी बना कर उन्होंने अंग्रेजों से लोहा लिया। जब तक देश रहेगा ठाकुर रणमत सिंह का नाम रहेगा। पहले जागीरों के लिए गद्दारी होती थी। आज आजादी के बाद सत्ता के लिए गद्दारी, देश द्रोह होने लगा। देश में मोदी का नेतृत्व मिलने के बाद देश में देशद्रोहियों आतंकियों को कुचलने का काम होने लगा। ये वही भारत है जिसे छोटे-छोटे देश भी आंख दिखाते थे लेकिन अब ऐसा नहीं है। उनसे उनकी भाषा में निपटा जाने लगा है। हम गौरवान्वित हैं कि हमारे पास मजबूत नेतृत्व है। रणमत सिंह की वीरता के किस्से आने वाली पीढिय़ों के मन में जज्बा पैदा करेगा।
60 वर्षों तक सत्ता थी, फिर भी नहीं दिए पहचान
सतना सांसद गणेश सिंह ने स्वागत भाषण में संबोधित करते हुए कहा कि ठाकुर रणमत सिंह अप्रतिम योद्धा थे। उनका भाला 15 लोग ले कर चलते थे। सिर्फ दुख है कि डेढ़ सौ वर्ष बीत गए। जिनके पास 60 वर्षों तक सत्ता थी। उन्होंने कभी ऐसे योद्धाओं को सम्मान, स्थान और पहचान देने का काम नहीं किया। कहा कि गृहमंत्री के निर्देश पर तिरंगा यात्रा निकाली। तभी हम भी मनकहरी पहुंचे और यह संकल्प लिया कि रणमत सिंह की प्रतिमा स्थापित करेंगे और गृह मंत्री से उसका लोकार्पण कराएंगे। यह ऐतिहासिक क्षण है, आने वाले समय में नई पीढिय़ों को जानकारी मिलेगी। कार्यक्रम का संचालन भाजपा नेता सतीश शर्मा ने किया।