रीवा के हंगामे को बताया भाजपा का षड्यंत्र, गृहमंत्री के सुरक्षा देने के पत्र पर बोले- जनता की सुरक्षा करें
सीधी. कांग्रेस प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया अपना दौरा जल्द खत्म कर सोमवार को रीवा से आनंद विहार एक्सप्रेस पकडक़र दिल्ली लौट गए। इससे पहले उन्होंने सीधी में सिंगरौली के दावेदारों और कार्यकर्ताओं से रायशुमारी की पर जल्दबाजी के कारण सीधी के दावेदारों और कार्यकर्ताओं से वन-टू-वन मुलाकात नहीं कर पाए। हालांकि जाते वक्त उन्होंने कहा कि जल्द ही सीधी व सिंगरौली आएंगे। रीवा में हुई घटना के बाद अपने पुराने बयान से किनारा करते हुए उन्होंने सीधी में कहा कि सीएम का चयन विधायक दल करेगा, इसमें अभी समय है। दिल्ली तलब किए जाने के लिए फोन करके बुलाए जाने की सोशल मीडिया की अटकलबाजी पर रीवा रेलवे स्टेशन पर मीडिया से बातचीत में बावरिया ने कहा कि दिल्ली की बैठक चार दिन पहले से ही तय थी, जिसमें प्रदेश के सभी बड़े नेताओं को साथ बुलाया गया है। वहां चुनाव की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी। उनके साथ नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह भी दिल्ली गए हैं।
रीवा विवाद पर इशारे में यह बोले बाबरिया
रीवा विवाद पर इशारे में बोलते हुए बाबरिया ने अपने उद्बोधन में कहा कि कांग्रेस मेरी मां है, और जो मेरी मां को गाली देगा वह बख्शा नहीं जाएगा। जो कांग्रेस का नहीं वह मेरा नहीं हो सकता। बावरिया का कुर्ता खींचने से बाबरिया का कुछ बिगडऩे वाला नहीं है।
मुझे अहसान की जरूरत नहीं
बावरिया के साथ कार्यकर्ताओं की धक्का-मुक्की पर गृहमंत्री भूपेन्द्र सिंह ने पत्र लिखकर कहा है कि वह चाहें तो सरकार सुरक्षा देने को तैयार है। इस पर बावरिया ने ‘पत्रिका’ से कहा कि उन्हें सरकार के अहसान की जरूरत नहीं है। वे कांग्रेस नेताओं की नहीं जनता की सुरक्षा का इंतजाम करें। बैठकों में भाजपा के ही प्रायोजित लोगों द्वारा शोर-शराबा करने का प्रयास किया जाता है। कई स्थानों पर ऐसा हो चुका है, रीवा में भी कुछ अज्ञात लोगों ने शोर शराबा किया है। हमें अपने कार्यकर्ताओं से कोई खतरा नहीं है। पार्टी के वॉलेंटियर और सेवादल के लोग पर्याप्त हैं। कांग्रेस की बढ़ती लोकप्रियता से भाजपा में घबराहट है। हम पूरे दम के साथ चुनाव लड़ेंगे और जीतेंगे।
बावरिया ने कहा -कमलनाथ और सिंधिया ही दो चेहरे कांग्रेस के पास
कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी दीपक बावरिया के इस बयान पर हंगामा मच गया है, जिस पर उन्होंने कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री पद के लिए पार्टी के पास केवल दो ही चेहरे हैं उसमें कमलनाथ और ज्योतिरादित्य सिंधिया का नाम है, उन्होंने कहा कि इसमें तीसरे किसी भी नाम की गुंजाइश नहीं बनती बावरिया के इस बयान पर कार्यकर्ताओं ने रीवा के राज निवास सर्किट हाउस में हंगामा मचा दिया। बावरिया के कक्ष में घुसकर कुछ कार्यकर्ताओं ने धक्का-मुक्की भी कर इस घटना के बाद से राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है।
रीवा का हंगामा भाजपा का षड्यंत्र
मेरे दिए किसी बयान पर किसी भी तरह की घटना नहीं हुई। बल्कि कांग्रेस की सक्रियता को देखकर भाजपा विचलित है। इस कारण वे अनैतिक तरीकों का उपयोग कर रही है। भाजपा के पेड कार्यकर्ता कांग्रेसियों से चर्चा के दौरान भीड़ के रूप में मेरे कमरे में घुस आए, जो कहने लगे कि मेरी सुनें, इसी को लेकर अभद्रता की। कांग्रेस की परंपरा रही है, विधायक दल आपस में बैठक लेकर मुख्यमंत्री का चयन करते हैं, उस नाम को राष्ट्रीय अध्यक्ष के पास भेजते हैं उन्हीं के नाम की घोषणा की जाएगी।
दीपक बाबरिया, सीधी में मीडिया से बातचीत में बोले