शहर की महिलाएं अपना रहीं पारंपरिक तरीके
सतना. लाइफस्टाइल में पिछले कुछ सालों में बहुत तेजी से बदलाव हुए हैं। उनका सीधा असर हेल्थ पर होता है जो सबसे ज्यादा महिलाओं के स्वास्थ्य पर दिखाई देता है। ऐसे में खुद को फिट रखने के लिए शहर की महिलाएं पारंपरिक तरीके अपना रहे हैं। हेल्थी डाइट, जिम, योग के साथ में कुछ ऐसी चीजें अपनी आदत में शामिल कर रही हैं जिनका चलन कम हो गया था। अलसी, आंवला, सुपारी, मुलेठी डस्ट, तुलसी की पत्तियां, चने सहित कई ऐसे खाद पदार्थ है जो स्वस्थ रहने के लिए काफ ी कारगर है। इन्हें खाने के लिए मेहनत करने की जरूरत नहीं बल्कि पांच मिनट के समय की जरूरत है ।
रुटीन को नहीं बदलना पड़ेगा
जब भी हेल्थ के लिए अलग से समय निकलना होता है तो महिलाएं अपना रूटीन बदलने से अक्सर सोचती हैं लेकिन कम समय में अच्छी हेल्थ पाने के लिए उन्होंने यह तरीका अपनाया है। आंवला में विटामिन सी होता है इससे चेहरा ग्लो करता है। साथ ही खांसी कब्ज को दूर करने में मददगार है।अलसी में कैल्शियम, आयरन, फ ास्फ ोरस, ओमेगा-3 पाया जाता है। ओमेगा- ३ कोलेस्ट्रॉल को संतुलित करता है सर्दी, खांसी और हृदय रोग में फ ायदेमंद है। एक मु_ी मूंगफ ली खाने से आयरन , कैल्शियम और जिंक मिलता है। मुलेठी से गले की समस्याएं दूर हो सकती हैं।
हेल्दी डाइट और हेल्दी स्टैप
शहर के न्यूट्रीशियन कहते हैं कि पुराने समय में दादी नानी का खाना पकाने का तरीका अलग होता था। इतना ही नहीं, वे घी, तेल मसाले आदि का उपयोग करती थी। इसके बावजूद किसी को कोई हेल्थ प्रॉब्लम नहीं होती थी। आज हमें खाने पीने की चीजें बहुत कंट्रोल कर के उपयोग करनी पड़ती है। पहले काम के दौरान महिलाएं समय निकालकर या बातचीत करते हुए मूंगफ ली, आंवला खाती रहती थी। इससे विटामिन, प्रोटीन, कैल्शियम की जरूरतें पूरी हो जाती थी। अब हमें ऐसी आदते अलग से जोडऩी पड़ रही हैं हालांकि यह हेल्दी डाइट के लिए हेल्दी स्टैप है।