
सतना। बुधवार की दोपहर तेज आंधी-तूफान के चलते टपरिया बस्ती की ओर बिरला फैक्ट्री की दीवार ढह गई। इसकी चपेट में आने से एक मासूम की मौत हो गई वहीं उसका दूसरा भाई गंंभीर रूप से घायल हो गया है। यह पूरा मामला कोलगवां थाना अंतर्गत का है। मौत की खबर सुनते ही परिजनों समेत स्थानीय रहवासियों में फैक्ट्री प्रबंधन के ऊपर आक्रोशित हो उठे और फैक्ट्री परिसर में पथराव करते हुए सतना-सेमरिया मार्ग पर चक्काजाम कर दिया है। इसके बाद गुस्साए लोगों ने सेमरिया मार्ग पर जाम लगाकर फैक्ट्री में तोडफ़ोड़ शुरू कर दी। बाहर लगे बोर्ड और पॉल्युशन के डिजिटल बोर्ड को पूरी तरह तहस नहस कर दिया। रात आठ बजे तक मुआवजे की मांग को लेकर लोग हंगामा करते रहे।
पीड़ित के परिजन प्रशासन से मुआवजे की मांग कर रहे है। मौके पर पहुंची पुलिस भी हालातों से निपटने में नाकामयाब रही। दो घंटों की मशक्कत के बाद आक्रोशत भीड़ को समझाइश देने का दौर जारी है। वहीं कंपनी प्रबंधन के ऊपर मनमानी का आरोप लग रहा है। बताया गया कि बस्ती की ओर नाममात्र के लिए दशकों पुरानी दीवार खड़ी थी। जो कि समय के साथ जर्जर हालात में थी। इसी का खामियाजा एक मासूम को अपनी जान गवांकर चुकानी पड़ी।
ये है मामला
मिली जानकारी के मुताबिक कोलगवां थाना क्षेत्र के टपरिया बस्ती स्थित बिरला सीमेंट कंपनी की दीवार से सटे एक घर में पेड़ गिर गया। जिससे दीवार में दबकर एक बच्चे की मौत हो गई है। जबकि उसका भाई गंभीर है। आनन-फानन में स्थानीय लोगों की मदद से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतक का नाम अमन सोनी पुत्र कौशलेंद्र सोनी उम्र 7 वर्ष निवासी टपरिया बस्ती बिरला व गंभीर घायल विपिन सोनी उम्र 10 साल बताया जा रहा है।
आंधी-तूफान ने निर्मित किए हालात
जिले में बारिश के साथ अंधड़ ने खूब कोहराम मचाया है। बुधवार को दोपहर पहले तेज तूफान आया फिर बारिश के कारण पूरा मानव जीवन अस्त-व्यस्त हो गया। सतना शहर स्थित बिरला सीमेंट प्लांट की दीवार गिरने से एक बच्चे की मौत हो गई है। जबकि उसका भाई गंभीर बताया जा रहा है। पूरे क्षेत्र में तनाव का वातारण निर्मित है। हालात बेकाबू हो गए है। आक्रोशि लोग कंपनी के गेट को घेरकर नारेबाजी कर रहे है।
जब रोपवे में फंस गए श्रद्धालु
मैहर क्षेत्र में आई भयंकर आंधी से मंदिर क्षेत्र में भी भारी नुकसान हुआ है। रोपवे से दर्शन करने गए यात्रियों की जान आफत में फंस गई। अचानक आई आंधी से रोपवे बंद हो गए। जिससे यात्रियों की सांसे अटक गई। आसमान में लटकते हुए यात्री किसी अनहोनी की आशंका से भयभीत हो गए। रोपवे सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें स्पेशल सीढ़ी द्वारा नीचे उतारा। तब कहीं जाकर श्रद्धालुओं ने राहत की सांस ली।
तेज बारिश और आंधी से जनजीवन अस्त-व्यस्त
मैहर में बुधवार दोपहर 3 बजे पहले तेज आंधी और फिर तेज बरसात ने कई घरों के छप्पर उखाड़ दिए है। सड़कों पर कई जगहों पर पेड़ गिर जाने से आवागमन अवरुद्ध हो गया। पुरानी बस्ती में घरों के ऊपर पेड़ की टहनियां गिर जाने से थोड़ा बहुत नुकसान हुआ है। अचानक आई आंधी से जहां बाजार बंद हो गया हो गया वहीं सामान्य जीवन अस्त-व्यस्त हो गया। कई जगह नालियां जाम होने से जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई। स्टेशन रोड में की मुख्य सड़क पर पानी भर गया। जिससे आने जाने वालों को भारी परेशानी हुई है।