परिजन परेशान
बालेर. कस्बे की आदर्श पीएचसी पर शुक्रवार को प्रसव के लिए आई प्रसुताओं को भटकने को मजबूर होना पड़ा। आलम यह था कि पीएचसी के द्वार ही बंद थे। प्रसुताओं, खिदरपुर जाटान के दो घायल युवकों सहित गंभीर बीमारी से ग्रस्त बुजुर्गों को भी उपचार नहीं मिलने से इधर उधर भटकने को मजबूर होना पड़ा।
सब सेंटरो पर भी ताले
आदर्श प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र बालेर के अंतर्गत कुरेडी, खिदरपुर, बाजोली, बिचपुरी गुजरान, मोरोज,कोसरा के उपस्वास्थ केन्द्रों पर ही ताले लटके होने से लोगों को प्राथमिक उपचार के लिए भी भटकने को मजबूर होना पड़ा। मोरोज सब सेंटर पर नियुक्त एएनएम ने बताया कि मोरोज मे तो कोई सब सेंटर ही नहीं है, वह आंगनबाड़ी केन्द्र पर ही बैठती हैं,होली की तीन दिन की छुट्टी में सभी एएनएम घर चली गई।
इन प्रसूताओं को नहीं मिला चिकित्सा सेवाओं का लाभ
पीएचसी पर शुक्रवार को प्रसव के लिए आई मोरोज गांव की पप्पी देवी पत्नी मुरारी बैरवा, धोड़ी देवी पत्नी रामसिंह गुर्जर निवासी बालेर, रेखा देवी पत्नी ऋषिकेश माली निवासी महाराजपुरा सहित निकटवर्ती गांवों की प्रसुताओं सहित दो दर्जन से ज्यादा गांवों के लोगों को चिकित्सा सेवाओ का लाभ नहीं मिलने के कारण काफी परेशानी उठानी पड़ी। प्रसूताओं को सीएचसी खंडार व जिला अस्पताल जाकर प्रसव करवाना पड़ा। लोगों ने उच्च अधिकारियों से अनियमितताओं की जांच की मांग की है।
जिम्मेदारों के जबाब
बालेर पीएचसी पर कम्पाउंडर, एएनएम तो होंगी, सब सेंटरों की एएनएम की ड्यूटी बालेर पीएचसी पर नहीं लगाई क्या पूछता हूँ।
- डॉ.हरफूल बैरवा उपखण्ड मुख्य चिकित्सा अधिकारी खंडार
....
बालेर पीएचसी पर कम्पाउंडर और एलएचपी की ड्यूटी लगा रखी है,यदि कम्पाउंडर मौजूद नहीं है तो मैं कर देता हूँ।
- डॉ.नितिन गुप्ता प्रभारी चिकित्साधिकारी पीएचसी बालेर
.......
पीएचसी में कोई हैं ही नहीं तो डिलेवरी कौन करवाए। कुछ को तो 104 से रैफर कर दिया। कुछ अपने निजी साधनों से ले गए।
मीना सैनी एलएचपी पीएचसी बालेर