विज्ञान के क्षेत्र में क्रांति लाने वाली महिलाएं कई चीजों की पहली आविष्कारक रही महिलाएं इतिहास में कम ही लोग जानते हैं इन महिलाओं के बारे में
नई दिल्ली। पुरुष ही नहीं, महिलाएं भी विज्ञान के क्षेत्र में अपना योगदान देती रही हैं। मगर इन महिला वैज्ञानिकों को कभी भी वो सम्मान नहीं मिला सका, जिसकी वो हकदार थीं। तो चलिए आपको बताते हैं एेसी वैज्ञानिक महिलाओं के बारें में...
1- पहली महिला डॉक्टर के बारे में शायद ही आप जानते हों। आपकों बता दें कि वो मिस्र की रहने वाली थी, जिसका नाम पेसेशेट था। पेसेशेट ने प्राचीन समय में करीब 2600 ईसा पूर्व में चिकित्सा क्षेत्र में काम किया था। कहा जाता है कि उसने उस समय सौ से अधिक दाइयों को भी प्रशिक्षित किया।
2- दुनिया की पहली केमिस्ट यानी रसायन शास्त्री टापुति-बेलाटेकालिम थीं। जिन्होंने सेंट (इत्र)बनाया था। साथ ही उन्होंने तरल पदार्थों को साफ करने वाला (डिसटिलेशन) एक उपकरण भी बनाया था। इन सबकी जानकारी 1200 ईसा पूर्व बेबिलॉनियन टैबलेट में मिले शिलालेख से मिलती है। इस अविष्कार(सेंट) को अब भी इस्तेमाल में लाया जाता है। पर इस खोज के लिए उसे याद तक नहीं किया जाता।
3- चार सौ ईसवी पूर्व में किसी यूनिवर्सिटी में दर्शन शास्त्र और खगोल-विज्ञान पर लेक्चर देने वाली पहली महिला अलेक्जेंड्रिया की हाइपेशिया थी। हाइपेशिया मेथेमैटिक्स के क्षेत्र में बहुत तेज गणितशास्त्री माानी जाती थीं। इसकी जान ईसाई के कट्टरपंथियों ने ली। इतिहास में इनकी मृत्यु का जिक्र है, लेकिन उपलब्धियों के बारें में कोई वर्णन नहीं है।
4- ऐसी ही एक और मिसाल है ब्रिटेन की एडा लवलेस थी, जो प्रसिद्ध तो नहीं थीं लेकिन अपने समय में इन्हें कंप्यूटर साइंस की पहली खोजकर्ता माना जाता था। इन्होंने 1843 में पहली बार आधुनिक डिजिटल कंप्यूटर का पहला एलगोरिदम "एनेलिटिकल इंजन" बना लिया था। इन्हें पहली प्रोग्रामर भी कहा जाता है।
5- डीएनए अणु की सरंचना की पहचान करने के लिए पहली बार एक्स-रे से तस्वीर बनाने वाली पहली महिला का नाम था रोजालिंड फ्रेंकलिन। वह ब्रिटिश की रसायनशास्त्री थीं। आज डीएनए पर महत्वपूर्ण काम हो रहा है। लेकिन इसकी पहचान करने वाली फ्रेंकलिन के बारे में ज्यादा लोग नहीं जानते हैं।