नी. फरवरी महीने से जिले के करीब 30 हजार परिवारों को सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत सरकारी राशन दुकानों से गेहूं-चावल, शक्कर, नमक और कैरोसिन मिलना बंद हो सकता है। खाद्य आपूर्ति विभाग ने इस संबंध में सभी जिला अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। मप्र खाद्य आपूर्ति विभाग ने आधार से राशन कार्ड लिंक नहीं कराने वाले परिवारों को 31 जनवरी तक आधार कार्ड की जानकारी अपनी समग्र आईडी में लिंक कराने का अंतिम अवसर दिया है। यदि प्राथमिक और अन्त्योदय राशन कार्ड से जुड़े परिवारों ने अपने घर के सदस्यों की आधार और बैंक की जानकारी समग्र पोर्टल पर अपलोड नहीं कराई तो ऐसे परिवारों को फरवरी माह से मिलने वाला राशन का वितरण रोक दिया जाएगा। खाद्य आपूर्ति विभाग बचे परिवारों से लगातार अपना आधार समग्र आईडी से लिंक कराने की समझाइश दे रहा है।
खाद्य आपूर्ति शाखा के अनुसार जिले में 250201 राशन कार्ड जारी हैं जो उचित मूल्य राशन दुकानों से खाद्यान्न और अन्य सामग्री की पात्रता रखते हैं। इनमें अंत्योदय कार्डधारियों के अलावा 32 तरह की विभिन्न श्रेणियों में आने वाले प्राथमिक परिवार शामिल हैं। इन सभी राशन कार्डों में परिवार के करीब 1051435 सदस्य जुड़े हुए हैं। इनमें से 219866 कार्डधारियों ने अपने आधार की जानकारी पोर्टल में लिंक करा दी है। जबकि करीब 30335 परिवारों ने अब तक समग्र आईडी से आधार और बैंक खाते की जानकारी लिंक नहीं कराई है।
खाद्य आपूर्ति विभाग के मुताबिक 31 जनवरी के बाद आधार कार्ड लिंक नहीं करवाने वाले राशन कार्ड धारकों को भोपाल पोर्टल से राशन देना बंद कर दिया जाएगा।
इसके बाद आधार और बैंक खाते की जानकारी लिंक कराने वाले कार्डधारकों को राशन की पात्रता भोपाल से अनुमति मिलने के बाद दी जाएगी। कार्डधारक 31 जनवरी तक समग्र परिवार आईडी के साथ सभी सदस्यों के आधार कार्ड और परिवार के मुखिया अथवा सदस्य की बैंक पासबुक की फोटोकॉपी नजदीकी राशन दुकान अथवा खाद्य आपूर्ति विभाग में पहुंचकर लिंक करवा सकते हैं।
आधार कार्ड से शीघ्र कराएं लिंक...
बचे हुए राशन कार्डधारकों को समग्र आईडी से आधार और बैंक खाते की जानकारी लिंक कराने के लिए कहा जा रहा है। राज्य शासन ने इसके लिए 31 जनवरी अंतिम तारीख तय की है। इसके बाद अगले माह से ऐसे कार्डधारकों का राशन देना बंद कर दिया जाएगा।
रीता मर्सकोले, सहायक आपूर्ति अधिकारी सिवनी