शत-प्रतिशत की तैयारी के बीच कोरोना वैक्सीनेशन की रफ्तार धीमी, आज से टीकाकरण महोत्सव की शुरुआत
शहडोल. कोरोना संक्रमण को लेकर लोग अब लापरवाही बरत रहे हैं। वैक्सीनेशन की रफ्तार भी धीमी पड़ गई है। कोरोना के केस न मिलने की वजह से लोग अब बेपरवाह हो गए हैं। जहां मास्क और मास्क डिस्टेंसिंग की अनदेखी कर रहे हैं। वहीं वैक्सीनेशन का दूसरा डोज लेने में भी पीछे हैं। जिले में कोरोना सुस्त पड़ गया है। उसी तरह लोग भी कोरोना वैक्सीनेशन कराने में सुस्त पड़ गए हैं। लोग टीकाकरण केन्द्रों पर टीका लगवाने नहीं पहुंच रहे हैं। इससे टीकाकरण केन्द्र खाली नजर आने लगे हैं। जिले में 20 दिन में पहला एवं दूसरा टीका मिलाकर कुल 20 हजार 951 लोगों ने टीकाकरण करवाया है। उससे ज्यादा पिछले माह में दो दिन में टीका लगे हैं। स्वास्थ्य विभाग टीकाकरण की प्रक्रिया तेज करने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है लेकिन लोगों के उत्साह नहीं दिखाने से कोरोना वैक्सीनेशन की रफ्तार धीमी हो गई है। अब 18 अक्टूबर से दोबारा महोत्सव के साथ वैक्सीनेशन से जोडऩे का निर्णय लिया है।
त्योहार का भी असर
कोरोना वैक्सीनेशन की रफ्तार धीमी होने का कारण जहां लोगों की लापरवाही है वहीं त्योहार में भी लोगों के व्यस्त रहने से कोरोना की रफ्तार सुस्त पड़ गई है। दूसरे डोज लगाने में लोग और लापरवाही बरत रहे हैं। पहला डोज जिन्होंने उत्साह से लगवाया वे लोग दूसरे डोज में लापरवाही बरत रहे हैं और टीका नहीं लगवा रहे हैं। पिछले माह के दो दिन 11 सितंबर को 10 हजार 460 और 18 सितंबर को 10हजार 307 लोगों को कोरोना टीका लगा है।
सितंबर में सही स्थिति
सितंबर में टीकाकरण की रफ्तार अच्छी रही। सितंबर में 2 लाख 15 हजार लोगों ने टीका लगवाया। जिले में 9 लाख 80 हजार 441 लोगों ने कुल टीका लगवाया है।। इसमें पहला टीका 6 लाख 99 हजार 371 लोगों ने लगवाया है तथा दूसरा टीका 2 लाख 81 हजार 70 लोगों ने लगवाया है।