मांदर की थाप पर थिरके सीएम, कहा नर्मदा किनारे नहीं होने दूंगा खनन

सीएम ने कहा कि माँ नर्मदा के उदगम स्थल अमरकंटक के आसपास और नर्मदा किनारे में खनन पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया जाएगा। इसके लिए भारत शासन को पत्र भी लिखा जाएगा।

3 min read
Dec 13, 2016
cm shivraj news
शहडोल/ डिंडौरी। मॉं नर्मदा के उदगम स्थल अमरकंटक के आसपास और नर्मदा किनारे में खनन पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया जाएगा। इसके लिए भारत शासन को पत्र भी लिखा जाएगा। इससे नर्मदा नदी प्रदूषणमुक्त हो सकेगी और प्रवाह प्रबल होगा। ये बातें सीएम शिवराज सिंह चौहान सोमवार नर्मदा सेवा यात्रा के दौरान डिण्डोरी जिले के करंजिया में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए कही।

करंजिया निवासी यासीन खान ने यात्रा में शामिल लोगों के लिये भण्डारा आयोजित कर सदभाव की अदभुत मिसाल प्रस्तुत की। सेवा यात्रा में अरण्डी आश्रम से रवाना होकर करंजिया पहुँचे। करंजिया में उन्होंने कहा कि इंसान ने अपने स्वाार्थ के कारण जंगल काट डाले तथा धरती माँ का सीना चीरकर तमाम खनिज निकाले और उसमें गंदा पानी छोड़कर उसे प्रदूषित किया।


माँ नर्मदा मध्यप्रदेश की जीवनदायिनी है, जिसने हमें सिंचाई के लिये पानी और बिजली की सौगात दी है। इसलिये हम सबका परम कत्र्तव्य बनता है कि हम माँ नर्मदा को स्वच्छ और उसके प्रवाह को प्रबल करने के लिये भरपूर सहयोग करें। यह यात्रा इन्हीं उद्देश्यों की पूर्ति के लिये निकाली गई है।

सीएम चौहान ने कहा कि माँ नर्मदा नदी के प्रवाह को प्रबल बनाने के लिये जंगलों की खाली जमीन में सघन वृक्षारोपण किया जाएगा। साथ ही दोनों तटों के किसानों की जमीन पर पौधे लगाने के लिये किसानों को 20 हजार रूपये प्रति हेक्टेयर तीन वर्ष तक अनुदान तथा वृक्षारोपण की लागत में 40 प्रतिशत की सहायता दी जाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गरीबों को पकके घर बनाने के लिये एक लाख 20 हजार रूपये की सहायता दी जाएगी। साथ ही जिनके पास अपना घर बनाने की जमीन नहीं होगी उन्हें जमीन दी जाएगी। उन्होंने नशा छोडऩे और बच्चों को स्कूल भेजने तथा बेटा-बेटी को बराबर समझने की समझाईश दी।

उन्होंने कहा कि बच्चों की पढ़ाई में कोई परेशानी नहीं होगी उनकी हरसंभव मदद की जायेगी। इस अवसर पर उन्होंने ग्रामीणों को इस बात का संकल्प भी दिलाया। पूर्व में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री ओमप्रकाश धुर्वे ने यात्रियों एवं अतिथियों का स्वागत किया।


अंत में क्षेत्रीय विधायक ओमकार सिंह मरकाम ने आभार व्यक्त किया। परमपूज्य संत महामण्डलेश्वर हरिहरानन्द एवं पूज्य संत रामभूषण ने भी यात्रा के सफल होने की शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर वन मंत्री डॉ गौरीशंकर शेजवार, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग राज्य मंत्री संजय पाठक, डॉ. शिवराज शाह अध्यक्ष म.प्र. आदिवासी वित्त विकास निगम, जिला पंचायत अध्यक्ष ज्योतिप्रकाश धुर्वे, नगर पंचायत अध्यक्ष सुषीला मार्को, जिला भाजपा अध्यक्ष डॉ. सुनील जैन, जबलपुर कमिश्नर गुलशन बामरा, आईजी डीके आर्य, कलेक्टर अमित तोमर, पुलिस अधीक्षक शिमाला प्रसाद, जिला पंचायत सीईओ रोहित सिंह मौजूद रहे।

जन-जन के मुख से निकला हर-हर नर्मदे
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान नर्मदा सेवा यात्रा के दूसरे दिन अरण्डी आश्रम से रवाना हुए। उन्होंने ग्राम बोंदर से करंजिया तक पांच किलोमीटर की पैदल यात्रा की। इस दौरान जगह-जगह ग्रामीणों द्वारा कलश और पुष्पहारों से यात्रा की अगवानी की गई और परम्परागत गीत-संगीत से भी स्वागत किया गया।


यात्रा में शामिल लोग ढोलक, मांदर की थाप और शहनाई की गूँज में अपने आप को झूमने से नहीं रोक पाए। मुख्यमंत्री भी ग्रामीणों के साथ झूमे और ढोलक भी बजाई। आसपास के गाँव से आयी उपयात्राएँ भी इस यात्रा में शामिल होती गई। इस अद्भुत दृश्य और विशाल जनसैलाब में शामिल महिला, पुरूष, बच्चे, बूढ़े और जवान हर किसी के मुख से हर-हर नर्मदे के स्वर फूट रहे थे।

पूरा वातावरण माँ नर्मदामय था। दूर-दूर तक जन ही जन का विंहगम दृश्य दिख रहा था। यात्रा के प्रति पूरे क्षेत्र में अपार उत्साह देखा गया। मुख्यमंत्री ने रास्ते में कबीर चबूतरा, जगतपुर, नारीग्वरा, बोंदर आदि गाँव में रूककर ग्रामीणों को संबोधित किया।
Published on:
13 Dec 2016 10:21 am
Also Read
View All