
गौपाष्टमी पर गौ पूजन के साथ गौ रक्षण का लिया गया संकल्प, वैदिक मंत्रोचार से वातावरण बना आध्यात्ममय
बुढ़ार. स्थानीय सरस्वती उमाविद्यालय बुढ़ार में गौ पूजन का कार्यक्रम समारोह पूर्वक सम्पन्न हुआ। वैदिक विधि विधान से सम्पन्न हुए उक्त कार्यक्रम में प्रथमत: मॉ सरस्वती का पूजन तत्पश्चात गौ पूजन मुख्य अतिथि देवेन्द्रनाथ चतुर्वेदी, प्राचार्य रामसजीवन पटेल एवं प्रधानाचार्य मृगेन्द्र श्रीवास्तव द्वारा किया गया। पुरोहित श्रीप्रकाश द्विवेदी ने वैदिक मंत्रोचार से वातावरण को पूर्ण आध्यात्ममय बना दिया। मुख्य अतिथि देवेन्द्र ने गौ माता के पौराणिक एवं ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए उसके संरक्षण व संवर्धन की आवश्यकता पर जोर दिया । आपने स्पष्ट किया कि गाय पशु नही अपितु देव स्वरूप है हमारी माता है। उसमें 33 कोटी देवताओं का निवास है। आपने भगवान श्री कृष्ण उनका गौ प्रेम एवं उनके नाम का आधार लेकर गौ माता के भारतीय संस्कृति में महत्व को प्रतिपादित किया ।
प्रधानाचार्य मृगेन्द्र श्रीवास्तव ने गौ पूजा एवं गौ रक्षा से सम्बंधित सम्पूर्ण विषय को अपनी कविता के माध्यम से शानदार तरीके से प्रस्तुत किया । आचार्य रविशंकर गौतम, इन्द्रराज सिंह, जयराम त्रिपाठी, एवं बालकृष्ण शर्मा ने भी गौवंश के महत्व पर प्रकाश डाला। कन्या भारती अध्यक्ष शिखा शर्मा एवं आकांक्षा पाठक ने भी गौ रक्षा के संबंध में अपने विचार प्रस्तुत किए। अभिव्यक्तियों के क्रम के पश्चात आचार्य परिवार एवं समस्त भैया-बहिनो ने गौ पूूूूूूूूूूूूजन करते हुए गौ रक्षार्थ अर्थदान भी किया। गौ माता की जय एवं कल्याण मंत्र के साथ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।
नगर में निकली शोभायात्रा
बुधवार को ताम्रकार समाज द्वारा सहस्त्रबाहु जयंती के अवसर पर नगर में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। जिसमें सैकड़ों की तादाद में नागरिक एवं महिलाएं उपस्थित रही। साथ ही साथ सहस्त्रबाहु जी की भव्य वेशभूषा में झांकी निकाली गई। जिसका जगह.जगह स्वागत किया गया। ताम्रकार समाज द्वारा चार वर्षों से लगातार सहस्त्रबाहु भगवान जी की जयंती विविध धार्मिक कार्यक्रमों के मध्य मनाई जाती है। 14 नवम्बर को पकरिया स्थित लालू के बगीचे में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमें विधि विधान पूर्वक पूजन.अर्चन कर समाज के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति ताम्रकार समाज के भैया.-बहनों के द्वारा प्रस्तुत किया गया। शोभायात्रा में ताम्रकार समाज के प्रदेश महामंत्री पुष्पेंद्र ताम्रकार, अध्यक्ष राघवेंद्र ताम्रकार, महामंत्री प्रवीण ताम्रकार, विजय ताम्रकार, श्रवण ताम्रकार,राजेंद्र नमन,अभिलाष, अमित, धमेंद्र, राजेश, सुरेश,ललुआ, शशि ताम्रकार, शीलू ताम्रकार, राधा ताम्रकार, मालती ताम्रकार, प्रीति, नेहा, वैष्णवी, जयश्री, रानी, अदिति, ललिता, किरण, चंदा, पुष्पा ताम्रकार सहित नन्हीं बालिका तेजस ताम्रकार के द्वारा सहस्त्रबाहु जी की जीवनी पर प्रकाश डाला गया। उसके उपरांत स्वादिष्ट व्यंजनों का भी वितरण समाज के द्वारा किया गया।