शहर से निकला देश के सबसे व्यस्ततम हाईवे में से एक एवं प्रदेश का सबसे लंबा नेशनल हाईवे रिमझिम बारिश में ही छलनी होने लगा है। शाजापुर एवं आसपास के क्षेत्रों में एबी रोड पर छोटे-बड़े ढेरों गड्ढे हो चुके हैं। इससे राहगीरों को परेशानी उठाना पड़ रही है। बारिश तक हाईवे के गड्ढे राहगीरों के लिए आफत बना हुआ है।
एबी रोड से एक दिन में औसत 60 हजार से अधिक छोटे-बड़े वाहन गुजरते हैं। जिनके जरिए लाखों लोग सफर करते हैं। इनके लिए अब एबी रोड से गुजरना किसी बड़ी मुसीबत से कम नही रहा। शहरी क्षेत्र से निकले हाईवे पर गड्ढों की भरमार हो गई हैं। हालांकि, एनएचएआई ने गिट्टी एवं मुरम भरकर लीपापोती जरूर कर दी, लेकिन इससे राहगीरों को फायदा नहीं मिल पा रहा है।े शहर के लालघाटी से बस स्टैंड और वॉटर वक्र्स से लेकर टंकी चौराहा तक अनेक स्थानों पर गड्ढे हो चुके हैं। इसके अलावा
, नैनावद क्षेत्र में भी गड्ढे की भरमार हैं। हाईवे के गड्ढों से आए दिन दुर्घटनाएं भी सामने आती हैं।
कुछ दिनों पूर्व ही एनएचएआई ने इन गड्ढों में पैचवर्क किया था, लेकिन ये पैचवर्क के नाम पर सिर्फ गिट्टी मुरम डाल दी गई, लेकिन डामर नहीं डाला। इससे अब दोबारा हाईवे पर बड़े-बड़े गड्ढे नजर आने लगे हैं। शनिवार दोपहर को भी जनपद पंचायत के सामने एक बाइक चालक गड्ढा आने जाने गिर गया। इसके पैर में चोंट आई।
कलेक्टर के निर्देशों को नहीं दी तवज्जो
हाल ही में कलेक्टर ने हाईवे के अधिकारियों को बैठक में निर्देश दिए थे कि हाईवे का जल्द से जल्द दुरुस्तीकरण किया जाए और गड्ढों से हाईवे को मुक्त कराया जाए। इस निर्देश का पालन जिम्मेदारों ने तो जरूर किया, लेकिन उस पर लापरवाही के पैबंद लगा दिए। नतीजन ये पैबंद मामूली रिमझीम को भी नहीं झेल पाए और उखड़ गए। हाईवे का पैचवर्क उखड़कर गिट्टी के रूप में सड़क पर फैल जाते हैं, जिन पर फिसलकर दो पहिया वाहन चालक हादसे का शिकार हो रहे हैं।
भारी वाहनों के लिए भी मुसीबत
प्रदेश का सबसे लंबा हाईवे होने के कारण यहां से बड़ी संख्या में भारी वाहन भी गुजरते हैं। कुछ दिनों पहले की अगर बात करें तो हाईवे के गड्ढों के कारण एक सप्ताह में करीब 4 सामान लदे ट्रक पलट चुके हैं और एक वाहन चालक की मौत भी हो चुकी है।