Amita Singh Tomar - उन्होंने अपने फेसबुक एकाउंट पर लिखा- कितनों के अब्बा मर गए…। वर्ग विशेष को लक्ष्य कर की गई इस पोस्ट का खासा विरोध किया गया।
Amita Singh Tomar - एमपी में अफसर की एक पोस्ट से बवाल मच गया। प्रदेश के श्योपुर में तहसीलदार अमिता सिंह तोमर ने विवादित पोस्ट की। इससे जिले से लेकर राजधानी भोपाल तक हल्ला मच गया। तहसीलदार को ऐसा घेरा गया कि आखिरकार उन्हें माफी मांगनी पड़ी। उन्होंने अपने फेसबुक एकाउंट पर लिखा- कितनों के अब्बा मर गए…। ईद के मौके पर एक वर्ग विशेष को लक्ष्य कर की गई तहसीलदार अमिता सिंह तोमर की इस पोस्ट का खासा विरोध किया गया। मुस्लिम वर्ग ने कलेक्टर जनसुनवाई में भी इसकी शिकायत की। अमिता सिंह पहले भी सोशल मीडिया पर विवादित पोस्ट करती रहीं हैं और इसके लिए खासी चर्चित हैं।
श्योपुर के वीरपुर की तहसीलदार अमिता सिंह तोमर ने ईद को लेकर पोस्ट की जिसपर विवाद उठा। उन्होंने फेसबुक पर लिख दिया - ‘कितनों के अब्बा मर गए जो…’, पोस्ट पर हंगामा बढ़ा तो कहा- OK Sorry…
तहसीलदार ने ईद के मौके पर काली पट्टी बांधकर विरोध करने की घटना को लेकर ये कमेंट किया था जिसका विशेष वर्ग ने विरोध किया। सोशल मीडिया पर पोस्ट देख मुस्लिम वर्ग भड़क गया। मुस्लिम समुदाय के लोग बड़ी संख्या में एकत्रित होकर उनके पास जा पहुंचे तो उन्होंने इसपर खेद जता दिया।
तहसीलदार अमिता सिंह तोमर ने अपने फेसबुक पर लिखा- “ईद के त्यौहार को मातम का त्योहार बना दिया, कितने के अब्बा मर गए जो काली पट्टी बांधकर त्यौहार मनाया, सादर श्रद्धांजलि।” यह पोस्ट जमकर वायरल हुई।
तहसीलदार अमिता सिंह तोमर की पोस्ट पर मुस्लिम भड़क उठे। उनकी पोस्ट का प्रिंट आउट दिखाकर जवाब मांगा। इस पर तहसीलदार ने सॉरी बोलकर माफी मांगी और फेसबुक से हटाने की भी बात कही।
बता दें कि तहसीलदार अमिता सिंह इससे पहले भी कई बार आपत्तिजनक पोस्ट करने पर विवादों में घिर चुकी हैं। वे सन 2003 में नायब तहसीलदार बनीं और सन 2011 में पदोन्न्त होकर तहसीलदार बन गईं। सिंहस्थ में उल्लेखनीय ड्यूटी के लिए तहसीलदार अमिता सिंह तोमर को दो पुरस्कार भी मिल चुके हैं। वे कौन बनेगा करोड़पति (KBC) में लाखों रुपए जीतकर सुर्खियों में रह चुकी हैं।