संजीव जाट की रिपोर्ट मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के अंतर्गत आने वाले कोलारस जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत पहाड़ी में गांव के दबंगों ने दलित महिला सरपंच को महज इसलिए जूते-चप्पलों और लाठी से पीट दिया, क्योंकि उसने दबंग के कहने पर कागज पर साइन करने से इंकार कर दिया था।
इस मामले में मारपीट का शिकार हुई दलित महिला सरपंच ने मामले की शिकायत पुलिस को दर्ज करा दी है, जिस पर पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत आपराधिक प्रकरण दर्ज कर लिया है। आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत पहाड़ी की सरपंच गीता जाटव का बड़ा बेटा गोपाल जाटव रविवार को किसी काम से खरई गया था। खरई में उसे धर्मवीर मिल गया, जिसने उससे कहा कि, मेरे कागज पर सरपंच के साइन चाहिए। गोपाल ने जब धर्मवीर से पूछा कि, किस कागज पर साइन करवाना है तो उसने गोपाल से कहा कि, मैं तो आदमी मारने जा रहा हूं, तुझे साइन करवाने पड़ेगे। जब गोपाल ने साइन करवाने से मना किया तो धर्मवीर ने उसके साथ मारपीट कर दी।
महिला सरपंच की पिटाई का वीडियो वायरल
गोपाल ने गांव जाकर जब मां गीता जाटव को सारा घटनाक्रम बताया तो गीता बाई, धर्मवीर यादव की शिकायत करने के लिए उसके घर के लिए निकल पड़ी। इसी दौरान रास्ते में उसे धर्मवीर यादव, रामवीर यादव और मुलायम यादव ने घेर लिया। तीनों ने उसे जातिसूचक गालियां देते हुए जान से मारने की धमकी देकर कहा कि, तुझे सरपंची हमारे हिसाब से करनी होगी। जब गीता ने ऐसा करने से इंकार कर दिया तो तीनों ने उसे सरेराह जमीन पर पटक-पटक कर जूते-चप्पलों से पीटा।
'दबंगों के हिसाब से करनी होगी सरपंची'
मारपीट का शिकार हुई सरपंच गीता का कहना है कि, धर्मवीर पिछले साल भर से लगातार उसे प्रताड़ित कर रहा है कि, उसे सरपंची उसके कहे अनुसार करनी पड़ेगी। मामले की शिकायत पुलिस को दर्ज कराई गई है।
आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस
मामले को लेकर तेंदुआ थाना प्रभारी मनीष जादौन का कहना है कि, हमने पीड़ित पक्ष की शिकायत के आधार पर तीन आरोपितों के खिलाफ मारपीट समेत एससी-एसटी एक्ट की धाराओं में प्रकरण दर्ज कर लिया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।