MP News : कच्चा रास्ता और उसमें भरे पानी से कीचड़ के चलते छात्रों को कॉलेज पहुंचने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में स्थानीय ग्रामीणों ने उनपर तरस खाते हुए अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली में बैठाकर जोखिम भरा रास्ता पार कराया।
संजीव जाट की रिपोर्ट
MP News :मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के बदरवास कस्बे के शासकीय कॉलेज तक करीब 700 मीटर की रास्ता बारिश के चलते जोखिम भरा हो गया है। इस मामले को पत्रिका लगातार उठा रहा है। चुंकी कच्चा रास्ता और उसमें भरे पानी से कीचड़ के चलते छात्रों को कॉलेज तक पहुंचने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। ऐसे में स्थानीय ग्रामीणों ने उनपर तरस खाते हुए अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली में छात्र-छात्राओं को कीचड़ और जोखिम भरा रास्ता पार कराया।
बता दें कि इन दिनों जीवाजी विश्व विद्यालय की परीक्षा चल रही है। ऐसे में छात्र-छात्राओं को कॉलेज के एक्जाम हॉल तक हर हाल में पहुंचा होता है। एग्जाम देने पहुंच रहे छात्र-छात्राओं की परेशान देखते हुए कुछ ग्रामीणों ने अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली को छात्र-छात्राओं को कॉलेज तक पहुंचाने और उन्हें वापस लाने का बीणा उठाया है। इसकी कुछ तस्वीरें भी सामने आई हैं।
गौरतलब है कि कीचड़ युक्त सड़क के चलते छात्र-छात्राओं को कॉलेज तक पहुंचने में परेशानी हो रही है। जोखिम भरे इस रास्ते से होकर गुजरने बाले छात्र-छात्राओं ने कुछ वीडियो भी सोशल मीडिया पर डालकर प्रशासन को जगाने का काम किया था। हालांकि न प्रशासन ने सुनी और न ही कोई जनप्रतिनिधि सामने आया। हालांकि, आज कुछ ग्रामीण कॉलेज रोड पर अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर पहुंचे और उन्होंने एग्जाम देने वाले छात्रों को अपनी ट्रॉली में बैठाकर रास्ता पार कराया।
मदद के लिए पहुंचे ग्रामीणों का कहना था कि बारिश में अब बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। ऐसे में अगर कोई छात्र-छात्रा कीचड़ में गिर जाता है। उसका एग्जाम भी छूट सकता है। इसके चलते उनके ओर से यह काम किया जा रहा है। गौरतलब है कि कॉलेज रोड़ पर बड़े बड़े गड्ढे हो गए हैं। जिनमें पानी भरा हुआ है। ऐसे में उन गड्डों को समतल करने का प्रयास भी ग्रामीणों द्वारा किया जा रहा हैं।
बदरवास में महाविधालय में वर्तमान परीक्षा के चलते छात्र छात्राएं शत प्रतिशत आ रहे है लेकिन उनका एक किलोमीटर का रास्ता किसी जोखिम से कम नहीं है।
बदरवास महाविद्यालय के प्रिंसिपल जितेंद्र कुमार का कहना है कि हमारे द्धारा कोलारस विधायक महेंद्र यादव के संज्ञान में लाया है उन्होंने आश्वाशन दिया है कि, जल्द ही इस गंभीर समस्या का निराकरण किया जाएगा। फिलहाल वैकल्पिक व्यवस्था की जाने की बात कही गई है।