सीकर

Rajasthan: रोज बास्केटबॉल खेलने वाले 23 साल के MBBS छात्र को आया हार्ट अटैक, 100 प्रतिशत ब्लॉकेज; एंजियोप्लास्टी कर बचाई जान

MBBS Student Heart Attack: सीकर में रोज बास्केटबॉल खेलने वाले 23 वर्षीय MBBS छात्र को अचानक सीने में तेज दर्द के बाद हार्ट अटैक आ गया। जांच में हार्ट की एक आर्टरी में 100 प्रतिशत ब्लॉकेज मिला।
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Aug 18, 2026
Basketball Player heart attack
रोज बास्केटबॉल खेलने वाले MBBS छात्र को आया हार्ट अटैक। फोटो: एआई

सीकर। उम्र महज 23 साल। नियमित रूप से बास्केटबॉल खेलने वाला और मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहा जुनैद खान। रविवार शाम बास्केटबॉल खेलने के बाद खाना खाकर सांवली मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल स्थित कमरे में सोने चला गया। मध्यरात्रि करीब साढ़े 12 बजे अचानक सीने में तेज दर्द हुआ और वह बेहोश हो गया। साथियों ने तत्काल चिकित्सकों को सूचना दी। जांच में उसकी कोरोनरी आर्टरी में 100 प्रतिशत ब्लॉकेज मिला। चिकित्सकों ने तत्काल एंजियोप्लास्टी कर ब्लॉकेज खोला और उसकी जान बचाई। जुनैद नागौर जिले का रहने वाला है।

सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि जुनैद को करीब एक सप्ताह से सीने में दर्द की शिकायत थी, लेकिन उसने इसे गंभीरता से नहीं लिया। एंजियोप्लास्टी के बाद उसकी हालत स्थिर है। इतनी कम उम्र में कोरोनरी आर्टरी का पूरी तरह ब्लॉक होना चिंता का विषय है।
खिलाड़ी है तो हार्ट अटैक का खतरा नहीं, यह सोच गलत

हृदय विशेषज्ञों के अनुसार नियमित खेल और शारीरिक गतिविधि हृदय के लिए फायदेमंद हैं, लेकिन खिलाड़ी होना हार्ट अटैक से पूरी सुरक्षा की गारंटी नहीं है। युवाओं में भी कोरोनरी आर्टरी में ब्लॉकेज हो सकता है। इसके पीछे पारिवारिक इतिहास, कोलेस्ट्रॉल की गड़बड़ी, धूम्रपान या तंबाकू, डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर, रक्त के थक्के बनने की प्रवृत्ति और कुछ दुर्लभ हृदय संबंधी स्थितियां कारण हो सकती हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक युवाओं में लगातार या बार-बार होने वाले सीने के दर्द को गैस, थकान या मांसपेशियों का दर्द मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। दर्द के साथ सांस फूलना, पसीना आना, घबराहट, चक्कर आना या दर्द का हाथ, पीठ अथवा जबड़े तक जाना गंभीर संकेत हो सकते हैं।

इन संकेतों को नजर अंदाज न करें

-सीने में बार-बार दर्द, दबाव या भारीपन।
-खेलते या मेहनत करते समय असामान्य सांस फूलना।
-अचानक कमजोरी, चक्कर या बेहोशी।
-ठंडा पसीना, घबराहट या बेचैनी।
-दर्द का हाथ, पीठ या जबड़े तक पहुंचना।
-परिवार में कम उम्र में हार्ट अटैक का इतिहास।

चिकित्सकीय जांच जरूरी

विशेषज्ञों के अनुसार सीने में दर्द बार-बार हो, मेहनत या खेलते समय बढ़े और आराम करने पर कम हो तो चिकित्सकीय जांच जरूरी है। विशेषज्ञों के अनुसार शरीर की उम्र 23 साल हो सकती है, लेकिन धमनियों की स्थिति अलग हो सकती है। इसलिए कम उम्र, अच्छी फिटनेस या खिलाड़ी होने को हार्ट अटैक से सुरक्षा की गारंटी नहीं माना जा सकता।

एंजियोप्लास्टी के बाद कारण की जांच भी जरूरी

इतनी गंभीर कोरोनरी ब्लॉकेज असामान्य जरूर है, लेकिन असंभव नहीं। एंजियोप्लास्टी कर ब्लॉकेज खोलना उपचार का एक हिस्सा है। इसके साथ यह पता लगाना भी जरूरी है कि इतनी कम उम्र में ब्लॉकेज बनने का कारण क्या रहा। चिकित्सक की सलाह के अनुसार लिपिड प्रोफाइल, एलडीएल कोलेस्ट्रॉल, ब्लड शुगर और ब्लड प्रेशर सहित जरूरी जांच नियमित रूप से करवानी चाहिए।
-डॉ. जय पुरोहित, कार्डियोलॉजिस्ट

Updated on:
18 Aug 2026 01:42 pm
Published on:
18 Aug 2026 01:42 pm