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पहले गांधीगिरी बाद में आंदोलन करेंगे धरती के भगवान

सीकर.राज्य सरकार द्वारा लिखित समझौते की मांगों को पूरा नहीं करने के विरोध में एक बार फिर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य व्यवस्था गड़बड़ा सकती है।
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Aug 12, 2018
sikar news
पहले गांधीगिरी बाद में आंदोलन करेंगे धरती के भगवान

सीकर.राज्य सरकार द्वारा लिखित समझौते की मांगों को पूरा नहीं करने के विरोध में एक बार फिर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य व्यवस्था गड़बड़ा सकती है। दरअसल मांग पूरी नहीं होने पर सेवारत चिकित्सकों ने एक बार फिर से आंदोलन की राह तय कर ली है। हालांकि इसके लिए पहले सेवारत चिकित्सक गांधीगिरी का सहारा लेंगे। लेकिन, बात नहीं बनी तो इसके बाद आंदोलन कर सरकार पर समझौता लागू करने का दबाव बनाया जाएगा। जिसमें वह चिकित्सीय व्यवस्था ठप्प भी कर सकते हैं। यह निर्णय रविवार को जयपुर में जेएमए के सभागार में आयोजित राज्य कोर कमेटी की सामूहिक बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया। जिसमें 500 से अधिक सदस्यों की मौजूदगी में यह फैसला लिया गया है।

यह हुआ फैसला
प्रदेशाध्यक्ष डा. अजय चौधरी ने बताया कि जयपुर में हुई बैठक में 12 नवंबर 2017 और 27 दिसंबर 2017 को सरकार के साथ हुए समझौते को पूरी तरह से लागू नहीं करने के मुद्दे पर मंथन हुआ। जिसमें समझौता लागू नहीं करने पर सभी ने सरकार को वादाखिलाफ बताते हुए आक्रोश व्यक्त किया। जिसके बाद पिछली साल अगस्त में सेवारत चिकित्सकों द्वारा किए गए आंदोलन को दोबारा जिंदा कर सरकार पर दबाव बनाने की रूपरेखा बनाई गई। जिसके तहत 15 अगस्त को प्रदेशभर में गांधीवादी रास्ते को अपनाते हुए सेवारत चिकित्सकों द्वारा पौधरोपण किया जाएगा। इसके बाद 16 अगस्त को एक घंटे ज्यादा कार्य कर गांधीवादी नीति को कायम रखेंगे। यहां तक मांग नहीं मानी गई तो इसके बाद 20 अगस्त को काली पट्टी बांधकर व जिला मुख्यालयों पर मुख्यमंत्री के नाम जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपे जाएंगे। 27 अगस्त को एक घंटे का कार्य बहिष्कार इसके बाद तीन सितंबर से दो घंटे का कार्य बहिष्कार रखेंगे। दस सितंबर को सामूहिक अवकाश और जहां मुख्यमंत्री की गौरव यात्रा जाएगी। वहां प्रतिनिधिा मंडल ज्ञापन देंगे। इसके बाद भी सरकार यदि सेवारत चिकित्सकों की मांग को अनदेखा करती है तो आंदोलन को तेज और उग्र करने की रणनीति बनाई जाएगी।

Published on:
12 Aug 2018 08:04 pm