
सीकर.
वीर सपूतों की धरा राजस्थान में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। जब जब भी अवसर मिला है तब तब राजस्थान के बेटों ने देशभर को अपनी प्रतिभा से परिचय करवाया है। मिलिए ऐसे ही एक होनहार 'राजस्थानी छोरे' से, जिसका दिल्ली में पूरे देश में डंका बजा है। नाम है मुकेश कुमार।
मुकेश सीकर में पालवास रोड स्थित प्रिंस स्कूल का छात्र है। मुकेश ने राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड 2018 कला संकाय में अव्वल रहने के बाद अब एक और उपलब्धि हासिल की है।
मुकेश ने 12वीं बोर्ड में 99.20 प्रतिशत अंक प्राप्त किए थे। अब मुकेश ने स्टीफन कॉलेज, दिल्ली प्रवेश प्रक्रिया में भी ऑल इण्डिया ओवरऑल प्रथम मेरिट हासिल कर पूरे राजस्थान का नाम रोशन किया है। इस होनहार छात्र मुकेश का सपना देश का सबसे कम उम्र का आइएएस बनना है।
मुकेश की प्रतिभा से प्रभावित होकर साक्षात्कार पांच मिनट की बजाय 27 मिनट हुआ। देश के उच्च प्रतिष्ठित स्टीफन कॉलेज दिल्ली में प्रवेश पाना बहुत सारे विद्यार्थियों का सपना होता है, लेकिन बहुत ऊंची कट-ऑफ के कारण काफी कम ही विद्यार्थियों को इस कॉलेज में प्रवेश मिल पाता है।
ज्यादातर विद्यार्थी सीबीएसई के ही कट-ऑफ पार कर पाते हैं। इस वर्ष के स्टीफन कॉलेज प्रवेश प्रक्रिया में सीकर के प्रिंस स्कूल के मुकेश ने बाजी मारी है। इस उपलब्धि पर प्रिंस स्कूल में संस्था चेयरमैन डॉ. पीयूष सुंडा ने मुकेश का साफा पहनाकर स्वागत किया।
परीक्षा के दौरान हुआ था ऑपरेशन
किसान हनुमान राम का बेटा मुकेश भविष्य में भारतीय प्रशासनिक सेवा में जाना चाहता है। राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड परीक्षा 2018 के बीच मुकेश का गले की सिस्ट का ऑपरेशन हुआ था लेकिन मुकेश ने हिम्मत नहीं हारी। वह लगातार संघर्षशील रहा और अंत में ऐतिहासिक सफलता हासिल की।
मुकेश को इस परिणाम की पहले से ही अपेक्षा थी। जब भी मुकेश से पूछा जाता कि बोर्ड परीक्षा में कितने अंक आयेंगे, तो मुकेश का तुरंत उत्तर होता 'कम से कम 97-98 प्रतिशत तो बन ही जाएंगे'। आखिर मुकेश अपने दावे पर 100 प्रतिशत खरा उतरा।