शहर के कृषि उपज मंडी की पांच दुकानों के ताले तोड़ने वाली गैंग का पांच दिन में ही पर्दाफाश कर पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पांचों की जयपुर रोड से लेकर मंडी में परेड भी करवाई।
सीकर. शहर के कृषि उपज मंडी की पांच दुकानों के ताले तोड़ने वाली गैंग का पांच दिन में ही पर्दाफाश कर पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पांचों की जयपुर रोड से लेकर मंडी में परेड भी करवाई। यहां पांचों चोर व्यापारियों से माफी मांगते दिखे। उन्हें देखने इस दौरान व्यापारियों सहित आमजन का हुजूम उमड़ पड़ा। एसपी भुवन भूषण यादव ने प्रेसवार्ता में बताया कि आरोपी हरियाणा का हिसार निवासी यामीन लीलगर (22) पुत्र जयपाल, प्रवीण (29) पुत्र मंजीत अनिल उर्फ चिकना (25) पुत्र श्यामलाल, फतेहाबाद निवासी राहुल उर्फ बच्ची (19) पुत्र देशराज तथा पंजाब का संगरूर निवासी श्रवण उर्फ गोलू पुत्र काला है। ये सिक्का गैंग से जुड़े हैं। पांचो की गिरफ्तारी के लिए 10—10 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था।
एसपी ने बताया कि आरोपियों ने 15 दिन पहले हरियाणा के लुहारू में अनाज मंडी व 10 दिन पहले हनुमानगढ़ की राउतसर धान मंडी में भी चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। इसके बाद 22 फरवरी को मंडी की चार सहित शहर की कुल पांच दुकानों के ताले तोड़े। इस संबंध में मंडी व्यापारी प्रदीप कुमार, सुंडाराम अग्रवाल, सुशील पारीक व प्रेमकुमार अग्रवाल तथा जयपुर रोड के बिल्डिंग मेटेरियल व्यापारी रवि कुमार ने उद्योग नगर थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। रिपोर्ट में नगदी रुपए, चांदी के सिक्के व अन्य कागजात चुराने की बात लिखी थी।
ट्रेनी आइपीएस प्रतीक सिंह ने बताया सिक्का गैंग सिक्के की मदद से ट्रैन रोककर वारदात को अंजाम देता है। ट्रेन आने पर गैंग ट्रेक पर सिक्का रखकर ट्रेक सर्किट को फाल्ट कर सिग्नल को रेड कर देती है। ट्रेन रुकने पर उसमें घुसकर ये यात्रियों के मोबाइल व अन्य सामान चुराकर भाग जाते। उन्होंने बताया कि आरेापियों से पूछताछ जारी है। और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।
चोरों को पकड़ने में आइपीएस प्रतीक सिंह के नेतृत्व में गठित टीम में उद्योग नगर थानाधिकारी मनोज कुमार, कांस्टेबल महावीर सिंह व बलबीर की अहम भूमिका रही।