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घर में तीन बेटे तीनों को ही गंभीर बीमारी, पिता के पास इलाज के लिए पैसे नहीं थे तो व्हाट्सएप ग्रुप के जरिये मिली सहायता

दस साल से गंभीर बीमारी का दंश झेल रहे परिवार मदद के लिए वाट्सऐप ग्रुप से कुछ ही घंटों में 21 हजार रुपए जुटाई गए।
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May 28, 2018
three child suffring from genetic disease whatsapp group help
घर में तीन बेटे तीनों को ही गंभीर बीमारी, पिता के पास इलाज के लिए पैसे नहीं थे तो वाट्सएप ग्रुप मसीहा बनकर आया आगे

दांतारामगढ़.

दांतारामगढ़ के पास गोड़ा की ढ़ाणी के दस साल से गंभीर बीमारी का दंश झेल रहे परिवार मदद के लिए वाट्सऐप ग्रुप से कुछ ही घंटों में 21 हजार रुपए जुटाई गए। लोसल का प्रजापति कुमावत समाज ने पीडि़त परिवार की की खबर की कटिंग वाट्सऐप ग्रुप में शेयर की थी। इधर परिवार को सहयोग देने वालों की सूचना लगातार पत्रिका को मिल रही है। दुबई से भी लोगों ने शीघ्र ही आर्थिक मदद देने की सूचना पत्रिका को दी है। राजस्थान पत्रिका में 26 मई के अंक मे दस साल से बीमारी का दंश झेल रहा परिवार शीर्षक से प्रकाशित खबर की कटिंग ग्रुप एडमिन ने प्रजापति कुमावत समाज के वाट्सऐप ग्रुप पर डाली थी। इसके बाद ग्रुप के सदस्यों ने आर्थिक मदद की इच्छा जाहिर की और सहमति मिलते है ग्रुप में ही सहयोग राशि देने वालों का तांता लग गया। इसके बाद रात तक ग्रुप के आधा दर्जन एडमिनों के पास यह राशि पहुंचा दी गई। ग्रुप सदस्यों की ओर से एकत्र 21 हजार की सहायता राशि एडमिन अशोक कुमावत , श्रीकिशन कुमावत, हरफूल कुमावत ने रविवार को पीडि़त परिवार के के मुखिया हीरालाल कुमावत को दी।

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हीरालाल कुमावत ने बताया कि सात साल के होते ही उसके बेटों को यह बीमारी जकड़ लेती है। युगल किशोर जब सात साल का हुआ तो उसके पैरों की नसों में खिंचाव होने लगा। ऐड़ी उठाकर चलने लगा और फिर वह चलते चलते ही गिरने लगा। डॉक्टरों को दिखाया इलाज करवाया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। दूसरा बेटा निर्मल भी जब सात साल को हुआ उसके भी यह बीमारी लग गई। दोनों पूरी तरह से अपाहिज हो गए और अब तीसरा बेटा अर्जुन सात साल का होने को है वह भी एडी उठाकर चलने लगा हैं।

Published on:
28 May 2018 10:27 am