सर्दी के असर से देर रात तक रहने वाली बाजारों की चहल-पहल नदारद माउंट आबू @ पत्रिका. उत्तर भारत में हो रहे भारी हिमपात के चलते पर्यटन स्थल माउंट आबू में लगातार तापमान में गिरावट और शीतलहर से भीषण सर्दी का असर जारी है। गुरुवार को न्यूनतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने […]
सर्दी के असर से देर रात तक रहने वाली बाजारों की चहल-पहल नदारद
माउंट आबू @ पत्रिका. उत्तर भारत में हो रहे भारी हिमपात के चलते पर्यटन स्थल माउंट आबू में लगातार तापमान में गिरावट और शीतलहर से भीषण सर्दी का असर जारी है। गुरुवार को न्यूनतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने से तापमापी का पारा एक डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जिससे सुबह-शाम कड़ाके की सर्दी से लोगों के धूजणी छूटती रही। अधिकतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस का इजाफा होने से तापमान 19 डिग्री सेल्सियस पर रहा। दांत किटकिटा देने वाली सर्दी से लोगों की दिनचर्या प्रभावित रही। शीतलहर ने सुबह देर तक लोगों को घरों में ही दुबके रहने को मजबूर कर दिया। दिन में भी ठंडी हवा सताती रही।
सुबह शहर में कोहरा छाया रहा, जिससे वाहनचालकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। दिन में आसमान साफ रहने से अच्छी धूप निकली, लेकिन शीतलहर के चलते लोगों को खास राहत नहीं मिल सकी। लोगों ने भारी भरकम ऊनी कपड़ों में लिपटने के बाद ही बाहर का रुख किया। कई लोगों ने घरों की छतों पर बैठकर धूप सेंकने का आनंद लिया। शाम ढलते ही बर्फीली हवा से बचने के लिए लोग जगह-जगह अलाव तापते दिखे।
जल्द सिमटी बाजारों की चहल-पहल
सर्दी के तेवर तीखे होने से माउंट आबू में देर रात तक रहने वाली सडक़ों, बाजारों की चहल-पहल जल्दी ही सन्नाटे में तब्दील हो गई। नागरिक और देसी-विदेशी सैलानी देर शाम को ही घरों व होटलों में जाकर दुबकने को मजबूर हो गए। सडक़ों पर विचरण करने वाले बेसहारा मवेशियों को ठिठुरते हुए झुंडो में शीतलहर से बचने के प्रयास में व्यापारिक प्रतिष्ठानों, खाली पड़े घरों के बरामदों, पेड़ों के झुरमुटों में आश्रय लेने के लिए मजबूर होना पड़ा।