सीतापुर

सीतापुर में सुबह-सुबह सपा कार्यालय पर गरजा बुलडोजर, 21 साल पुराना मकान 2 घंटे में जमीदोंज

Sitapur SP Office Demolition: सीतापुर में जिला प्रशासन ने सरकारी जमीन पर बने समाजवादी पार्टी के जिला कार्यालय को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। भारी पुलिस बल की मौजूदगी में करीब दो घंटे चली कार्रवाई में 21 साल पुरानी इमारत गिरा दी गई। प्रशासन का कहना है कि जमीन का पट्टा वर्षों पहले निरस्त हो चुका था।

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Jun 22, 2026
सपा कार्यालय को गिरती जेसीबी फोटो सोर्स पत्रिका
सपा कार्यालय को गिरती जेसीबी फोटो सोर्स पत्रिका

Sitapur Samajwadi Party Office Demolition: सीतापुर में सोमवार तड़के जिला प्रशासन ने सरकारी जमीन पर बने समाजवादी पार्टी के जिला कार्यालय को ध्वस्त कर दिया। भारी पुलिस बल और पीएसी की मौजूदगी में बुलडोजरों की मदद से करीब दो घंटे में पूरी इमारत गिरा दी गई। प्रशासन का कहना है कि जिस जमीन पर कार्यालय बना था, उसका पट्टा वर्षों पहले निरस्त हो चुका था। कार्रवाई से पहले भवन को खाली करा लिया गया था।

सीतापुर में सोमवार सुबह जिला प्रशासन ने अतिक्रमण हटाने की बड़ी कार्रवाई करते हुए समाजवादी पार्टी के जिला कार्यालय को जमींदोज कर दिया। यह कार्रवाई टाउन हॉल परिसर में स्थित उस भवन पर की गई, जिसे प्रशासन सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का मामला मान रहा था। जानकारी के मुताबिक, प्रशासनिक टीम सुबह करीब चार बजे ही मौके पर पहुंच गई थी।

सुरक्षा के लिए पांच थानों की पुलिस तैनात

सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पांच थानों की पुलिस, पीएसी के जवान और अन्य अधिकारी तैनात किए गए। इसके बाद सुबह पांच बजे नगर पालिका, राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने बुलडोजरों की मदद से ध्वस्तीकरण शुरू किया।

चार मशीनों ने एक साथ गिरना शुरू किया

कार्रवाई के दौरान चार मशीनों ने एक साथ भवन को गिराना शुरू किया। करीब दो घंटे के भीतर कार्यालय की पूरी संरचना ढहा दी गई। भवन में बने एक बड़े हॉल और दो कमरों को पूरी तरह तोड़ दिया गया। इसके बाद मलबा हटाने का काम भी शुरू कर दिया गया।

सपा कार्यालय संचालन के लिए हुआ था पट्टा


प्रशासन के अनुसार, करीब 21 वर्ष पहले इस जमीन का पट्टा सपा कार्यालय के संचालन के लिए दिया गया था। हालांकि कुछ ही महीनों बाद पट्टा रद्द कर दिया गया था। इसके बावजूद लंबे समय तक वहां कार्यालय संचालित होता रहा। मामले की सुनवाई के बाद सक्षम न्यायालय की ओर से भूमि खाली करने के निर्देश दिए गए थे, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई की गई।

नोटिस जारी करने के बाद हुई कार्रवाई


ध्वस्तीकरण से पहले संबंधित पक्ष को नोटिस भी जारी किया गया था। निर्धारित समय सीमा के भीतर जमीन खाली करने को कहा गया था। प्रशासन का दावा है कि तय समय गुजरने के बाद ही कार्रवाई का निर्णय लिया गया।
सूत्रों के मुताबिक, कार्रवाई की आशंका को देखते हुए कार्यालय से फर्नीचर और अन्य जरूरी सामान पहले ही हटा लिया गया था। यही वजह रही कि ध्वस्तीकरण के दौरान वहां किसी प्रकार का विरोध प्रदर्शन नहीं हुआ। मौके पर सपा का कोई प्रमुख पदाधिकारी या कार्यकर्ता भी मौजूद नहीं दिखा।

इन अधिकारियों की रही मौजूदगी

कार्रवाई के दौरान नगर पालिका की अधिशासी अधिकारी सीमा सिंह, सदर एसडीएम डॉ. जर्नादन कुमार समेत कई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने का अभियान आगे भी जारी रहेगा।

Updated on:
22 Jun 2026 11:22 am
Published on:
22 Jun 2026 11:20 am