
2 करोड़ से अधिक कीमत के नशीले पदार्थ नष्ट, नशा तस्करों को बड़ा संदेश (फोटो सोर्स : भाषा WhatsApp News Group)
Sitapur Police Anti Drug Campaign: उत्तर प्रदेश के Sitapur जनपद में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को बड़ी सफलता मिली है। सीतापुर पुलिस ने “ऑपरेशन दहन” के तहत करीब 2 करोड़ 2 लाख 65 हजार 850 रुपये कीमत के अवैध मादक पदार्थों का विनिष्टीकरण कर नशा तस्करों के खिलाफ सख्त संदेश दिया है। पुलिस प्रशासन द्वारा चलाया गया यह अभियान जिले में अवैध नशे के कारोबार पर अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।
पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी ने न्यायालय के आदेशों के अनुपालन में कुल 70 अभियोगों से संबंधित 654.0482 किलोग्राम अवैध मादक पदार्थों को नष्ट कराया। इस कार्रवाई के बाद पुलिस विभाग ने स्पष्ट संकेत दे दिया है कि जनपद में नशे के कारोबार को किसी भी कीमत पर पनपने नहीं दिया जाएगा।
Uttar Pradesh Police लगातार प्रदेशभर में नशा तस्करों के खिलाफ अभियान चला रही है। इसी क्रम में सीतापुर पुलिस ने “ऑपरेशन दहन” के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए विभिन्न थानों में दर्ज मामलों से बरामद नशीले पदार्थों का विनिष्टीकरण कराया।
इस अभियान के दौरान अवैध गांजा, पोस्ता चूर्ण, नशीला पाउडर और स्मैक जैसी प्रतिबंधित वस्तुओं को नष्ट किया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार इन मादक पदार्थों की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये से अधिक आंकी गई थी। पुलिस का कहना है कि यदि यह नशीला सामान बाजार में पहुंचता तो बड़ी संख्या में युवाओं और समाज के अन्य वर्गों को नुकसान पहुंच सकता था। ऐसे में इन पदार्थों को समय रहते नष्ट करना बेहद जरूरी था।
इस अभियान की खास बात यह रही कि इसमें जनपद के 22 थानों और जीआरपी सीतापुर से संबंधित मामलों में बरामद मादक पदार्थ शामिल थे। पिछले कई वर्षों में अलग-अलग अभियानों और कार्रवाई के दौरान जब्त किए गए नशीले पदार्थों को सुरक्षित रखा गया था।
न्यायालय से अनुमति मिलने के बाद जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी ने सभी मामलों का परीक्षण किया और फिर निर्धारित प्रक्रिया के तहत मादक पदार्थों को नष्ट कराया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार सभी पदार्थों का रिकॉर्ड तैयार किया गया और वीडियोग्राफी के बीच पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी तरीके से संपन्न कराया गया।
मादक पदार्थों के विनिष्टीकरण के लिए थाना महोली क्षेत्र स्थित STAR PLOTECH चढ़रा के इन्सिनेटर का उपयोग किया गया। अधिकारियों की मौजूदगी में मानक प्रक्रिया का पालन करते हुए नशीले पदार्थों को पूरी तरह जलाकर नष्ट किया गया।
सूत्रों का कहना है कि इन्सिनेटर तकनीक पर्यावरण के अनुकूल मानी जाती है और इसके जरिए खतरनाक पदार्थों को सुरक्षित तरीके से समाप्त किया जाता है। पुलिस प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित किया कि पूरी प्रक्रिया के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन हो।
यह पूरी कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी) Durgesh Kumar Singh और क्षेत्राधिकारी सीतापुर Neha Tripathi के पर्यवेक्षण में संपन्न हुई। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद रहकर पूरे अभियान की निगरानी की। पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा कि जिले में नशे के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नशे का कारोबार केवल कानून व्यवस्था की समस्या नहीं बल्कि सामाजिक चुनौती भी बनता जा रहा है। खासकर युवाओं में नशे की बढ़ती प्रवृत्ति को देखते हुए पुलिस प्रशासन अब और ज्यादा सख्ती दिखा रहा है।
सूत्रों का मानना है कि गांजा, स्मैक और अन्य नशीले पदार्थ युवाओं को तेजी से अपनी गिरफ्त में लेते हैं, जिससे उनका भविष्य प्रभावित होता है। ऐसे में पुलिस की यह कार्रवाई समाज को नशा मुक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। सीतापुर पुलिस ने लोगों से अपील भी की है कि यदि कहीं अवैध नशे के कारोबार की जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस को सूचना दें।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि “ऑपरेशन दहन” केवल नशीले पदार्थों को नष्ट करने की कार्रवाई नहीं बल्कि नशा तस्करों को चेतावनी भी है। प्रशासन अब अवैध कारोबार से जुड़े हर नेटवर्क पर नजर बनाए हुए है।
सूत्रों के मुताबिक पुलिस ने हाल के महीनों में कई अंतरजनपदीय गिरोहों पर कार्रवाई की है। लगातार छापेमारी और गिरफ्तारी से नशा कारोबारियों में डर का माहौल बना हुआ है। पुलिस का मानना है कि जब्त किए गए नशीले पदार्थों को सार्वजनिक रूप से नष्ट करने से अपराधियों के मनोबल पर असर पड़ता है और समाज में भी सकारात्मक संदेश जाता है।
सीतापुर पुलिस की इस कार्रवाई को आम लोगों ने भी सराहा है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि नशे का कारोबार युवाओं को बर्बाद कर रहा है और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है। कई सामाजिक संगठनों ने भी पुलिस अभियान की प्रशंसा करते हुए कहा कि यदि इसी तरह लगातार कार्रवाई होती रही तो जिले में नशे के नेटवर्क को काफी हद तक खत्म किया जा सकता है।
पुलिस विभाग के अनुसार जिले में नशा विरोधी अभियान लगातार जारी रहेगा। स्कूल-कॉलेजों और सार्वजनिक स्थानों पर जागरूकता अभियान भी चलाए जाएंगे ताकि युवा नशे से दूर रहें। इसके अलावा सीमावर्ती क्षेत्रों और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है। पुलिस अब तकनीकी निगरानी और खुफिया तंत्र की मदद से भी नशा तस्करों पर शिकंजा कस रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि नशे का सीधा संबंध अपराध से भी होता है। चोरी, लूट, हिंसा और अन्य कई अपराधों के पीछे नशे की भूमिका सामने आती रही है। ऐसे में मादक पदार्थों के खिलाफ सख्ती से कानून व्यवस्था में भी सुधार देखने को मिल सकता है। सीतापुर पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई के बाद यह संदेश साफ हो गया है कि प्रशासन अब नशा तस्करों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रहा है।
Updated on:
23 May 2026 10:42 pm
Published on:
23 May 2026 10:42 pm
