Drug Trafficking of Prescription Drugs: श्रीगंगानगर जिले के पदमपुर तहसील क्षेत्र में मेडिकेट और अन्य आधुनिक नशों का अवैध कारोबार तेजी से फैल रहा है, जो कई परिवारों के लिए तबाही का कारण बन रहा है। हाल ही में नशे की ओवरडोज से 2 युवकों की मौत हो गई।
Drug Trafficking of Prescription Drugs: श्रीगंगानगर जिले के पदमपुर तहसील क्षेत्र में मेडिकेट और अन्य आधुनिक नशों का अवैध कारोबार तेजी से फैल रहा है, जो कई परिवारों के लिए तबाही का कारण बन रहा है। हाल ही में नशे की ओवरडोज से 2 युवकों की मौत हो गई।
24 घंटे पहले पदमपुर धानमंडी क्षेत्र में एक युवक मरणासन्न अवस्था में मिला। उसे अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। इस संबंध में पदमपुर थाने में वार्ड 17 निवासी राम बहादुर राजपूत ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनका 23 वर्षीय पुत्र रवि कुमार नशे का आदी था और ओवरडोज लेने से उसकी मौत हुई।
पदमपुर पुलिस थाना प्रभारी सुमन जयपाल ने बताया कि युवक के पिता को दो दिन पूर्व ही समझाइश दी गई थी कि युवक को नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया जाए। सलाह को गंभीरता से नहीं लेने के कारण युवक ने नशे का इंजेक्शन लगाकर ओवरडोज ले लिया, जिससे मौत हो गई।
इसी क्रम में गांव 3 जेजे (खिचिया) निवासी 22 वर्षीय खुशाल पुत्र जुगल किशोर भी नशे की चपेट में आ गया। परिवार में दादा चेतनराम, दादी रामप्यारी, माता मीना और पिता जुगल किशोर को ढांढस बंधाने के लिए लोग जुट गए। शोक सभा में सीआई सुमन जयपाल ने ग्रामीणों से नशे के खिलाफ सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। इसके बाद गांव 3 जेजे के ग्रामीणों ने नशे की रोकथाम के लिए समिति भी बनाई।
पदमपुर मंडी क्षेत्र लंबे समय से मेडिकेट नशे के लिए चर्चित रहा है। मेडिकल स्टोर्स से बिना पर्ची एलोपैथिक दवाइयां आसानी से उपलब्ध हो रही हैं। जानकारी के अनुसार नशे के आदी युवक ड्रग्स माफिया से दवाइयां खरीदकर उन्हें घोल बनाकर इंजेक्शन के माध्यम से लेते हैं। थानाधिकारी ने बताया कि मेडिकल स्टोर संचालकों को बिना डॉक्टर की पर्ची दवाइयां नहीं देने के लिए पाबंद किया गया है, लेकिन यह सख्ती प्रभावी नहीं है। परिणामस्वरूप नशे का कारोबार फल-फूल रहा है।