Rotten wheat was being given to the consumers, the officers ran from the ruckus- राशन डिपो पर खराब देने का चल रहा है इलाके में खेल.
श्रीगंगानगर. इलाके में उचित मूल्य की दुकानों पर रियायती दरों पर मिलने वाले गेहूं में भी मिलावट का दौर थम नहीं रहा है। रायसिंहनगर सहित कई मंडियों में गेहूं की क्वालिटी को लेकर लोगों ने धरना प्रदर्शन भी किया था लेकिन गुणवत्ता में अब तक सुधार नहीं आया है।
पुरानी आबादी वार्ड चार अब पांच में उचित मूल्य की दुकान रामकिशन पुत्र रामबाबू पर घटिया क्वालिटी के गेहूं उपभोक्ताओं को दिए जाने की शिकायत पर लोगों ने हंगामा कर दिया।
लोगों ने इस डिपो पर देखा कि गेहूं के कट्टो में सड़ा हुआ गेहूं था जिसे उपभोक्ताओं को बांटा जा रहा था। जब तीन कट्टों को फाडकर देखा तो सभी में मिक्स खळ आदि घटिया क्वालिटी का गेहूं था।
यह देखकर लोग एकत्रित हो गए। भाजपा नेता नवल शर्मा की अगुवाई में युवाओं ने इस गेहूं वितरण की वीडियो बनाकर वायरल कर दी। इससे अफसरों में खलबली मच गई।
जिला कलक्टर जाकिर हुसैन ने संज्ञान लेते हुए उसी समय जिला रसद अधिकारी राकेश सोनी को फोन पर पूरे प्रकरण की रिपोर्ट बनाने और घटिया क्वालिटी के गेहूं का वितरण रोकने के आदेश किए। इसके साथ साथ गेहूं आपूर्ति करने वाली एजेंसी से अलग से रिपोर्ट मांगी।
कलक्टर की फटकार सुनते ही रसद विभाग की टीम गठित की गइ। प्रवर्तन अधिकारी सुरेश कुमार की अगुवाई में जांच टीम ने इस दुकान पर जाकर चैकिंग की।
इस दौरान छह कट्टे जब्त किए, इनमें सड़ा हुआ गेहूं भरा हुआ था। इस माह गेहूं वितरण के लिए आए थे दो सौ कट्टे डीएसओ सोनी ने बताया कि जांच अधिकारी ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि दुकानदार रामकिशन के पास इसी माह गेहूं वितरण करने की आपूर्ति थोक विक्रेता मैसर्स गंगानगर किसान क्रय विक्रय सहकारी समिति की ओर से पीडीएस के तहत की गई है।
वर्तमान में उचित मूल्य की दुकान पर वितरण उपरांत शेष कटटो में प्रत्येक कट्टे की परखी भरकर उपस्थित दुकानदार व अन्य लोगों के समक्ष जांच की गई।
इसके बाद थोक विक्रेता केवीएसएस के पीडीएस प्रभारी हंसराज को बुलाया गया और उनको छह कट्टे सुपुर्द कराए गए।
वहीं राजस्थान राज्य खाद्य नागरिक आपूर्ति निगम लिमिटेड के प्रबंधक लोकेश तसेरा को उचित मूल्य की दुकानों की चैकिंग तेज करने के लिए पाबंद किया।