
श्रीगंगानगर। इलाके में दीपोत्सव के उपलक्ष में गली मोहल्ले से लेकर बाजार तक गहमागहमी बढ़ गई है। वहीं सडक़ों पर भी एकाएक यातायात का भार दुगुना हो गया है। ऐसे में चहल चौक से लेकर इंदिरा वाटिका तक मार्ग को वनवे कर दिया गया है।
आरएसआरडीसी ने भी ठेका फर्म को पाबंद नहीं किया है इस त्यौहारी दो दिनों में ठेकेदार ने भी वहां अपनी इच्छा से निर्माण काम शुरू कर दिया है। यहां तक कि ठेकेदार ने वहां सांकेतिक बोर्ड तक या बैरीकेट्स या आवागमन रास्ता बंद या ट्रैफिक डायवर्ट के लिए कोई इंतजाम नहीं किए है। इस कारण वाहनों की भीड़ वनवे से होने लगी है।
यहां तक कि इंदिरा वाटिका के मुख्य गेट के सामने से वाहन चालकों के लिए सांकेतिक बोर्ड नहीं होने के कारण गलफत स्थिति हो गई है। ऐसे में वाहन आपस में टकराने का अंदेशा बना रहने लगा है। पिछले दो दिनों में आरएसआरडीसी के ठेकेदार ने भी वहां वनवे हुए मार्ग सांकेतिक बोर्ड लगाने का काम नहीं किया है। यह निर्माण आरएसआरडीसी ने सूरतगढ़ की ठेका फर्म गुप्ता कंस्ट्रक्शन के माध्यम से करवा रही है।
ज्ञात रहे कि सात सितम्बर को जब गौरव यात्रा पर सीएम आई तो सुखाडिय़ा सर्किल से मीरा चौक तक सुखाडिय़ा मार्ग और मीरा चौक से चहल चौक तक मीरा मार्ग पर सीसी रोड का निर्माण की प्रक्रिया शुरू कराने का दावा किया गया था। सीएम के आदेश पर इसी दिन स्वायत्त शासन मंत्री श्रीचंदकृपलानी ने आरएसआरडीसी (राजस्थान स्टेट रोड डवलपमेंट कार्पोरेशन) के अधिकारियों को बुलाकर यह काम शुरू करने का दवाब डाला।
इसका परिणाम भी सामने आया। तत्कालीन नगर परिषद आयुक्त सुनीता चौधरी ने उसी दिन फाइल पर साइन कर आरएसआरडीसी को यह निर्माण करने के लिए नगर परिषद की मंजूरी दे दी। आरएसआरडीसी के माध्यम से करीब साढ़े बारह करोड़ रुपए का बजट खर्च किया जा रहा है।
सीवर ने बिगाड़ी सडक़ निर्माण की चाल
इधर, आरएसआरडीसी के प्रोजेक्ट डायरेक्टर डा.डीके सिंगल का कहना है कि ठेका फर्म गुप्ता कंस्ट्रक्शन को यह ठेका कार्य 16 जनवरी 19 तक समय अवधि के लिए निर्धारित किया है। उन्होंने बताया कि आरयूआईडीपी की ओर से सीवर खुदाई एलएंड टी कंपनी से कराई जा रही है, सीवर पाइप लाइन के कारण बार बार खुदाई होने से सडक़ निर्माण की चाल प्रभावित हो रही है।
उन्होंने स्वीकार किया कि सडक़ निर्माण के संबंध में आ रही परेशानियों के कारण रोजाना शिकायतें आती है, इसका बकायदा निस्तारण किया जाता है। शिकायत करने के लिए सुखाडिय़ा सर्किल पर सांकेतिक बोर्ड पर उनका मोबाइल नम्बर भी अंकित किया गया है ताकि लोग सीधी शिकायत उनसे कर सके।