- राज्य सरकार की घोषणा का पालन सिर्फ गुजरात बोर्ड के स्कूलों में
सूरत.
राज्य सरकार की स्कूलों में नवरात्रि वेकेशन की घोषणा का एक तरफ प्राइवेट स्कूल विरोध कर रहे हैं तो दूसरी तरफ सीबीएसइ बोर्ड स्कूलों में नवरात्रि वेकेशन नहीं होगा।
गुजरात सरकार ने नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के बाद बीच में अचानक स्कूलों में नवरात्रि वेकेशन की घोषणा की थी। गुजरात बोर्ड संबंद्ध कई प्राइवेट स्कूलों ने इसका विरोध किया। सूरत के ऐसे स्कूलों ने राज्य सरकार को पत्र लिख कर वेकेशन के बारे में पुनर्विचार का आग्रह किया, लेकिन सरकार ने इस आग्रह पर ध्यान नहीं दिया। हाल ही गुजरात सरकार ने अपने शैक्षणिक सत्र में नवरात्रि वेकेशन को शामिल कर नया शैक्षणिक केलेंडर भी जारी कर दिया। राज्य के सभी स्कूलों को इस केलेंडर का अनुसरण करने का आदेश दिया गया है, लेकिन सीबीएसइ स्कूल इसका अनुसरण नहीं करेंगे। सीबीएसइ स्कूलों ने साफ कर दिया है कि नवरात्रि के दौरान किसी तरह का वेकेशन नहीं दिया जाएगा। इस मामले में स्कूलों में कोई नोटिस जारी नहीं किया गया है। सभी को मौखिक सूचित किया जा रहा है। केंद्रीय विद्यालयों में भी नवरात्रि वेकेशन नहीं होगा। वहां सीबीएसइ के शैक्षणिक सत्र के अनुसार पढ़ाई, परीक्षा और छुट्टियां होंगी। नवरात्रि वेकेशन को सीबीएसइ के केलेंडर में स्थान नहीं दिया गया है। सीबीएसइ स्कूलों में पहले ही तीन वेकेशन हैं। पहला वेकेशन दीपावली के समय 10 दिन का है। परीक्षा के बाद 10 दिन की छुट्टियां होंगी। फिर 50 दिन की गर्मियों की छुट्टियां होंगी। इसमें नवरात्रि वेकेशन जोड़ा जाएगा तो पढ़ाई के दिन और कम हो जाएंगे।
1200 घंटों की पढ़ाई अनिवार्य
सीबीएसइ स्कूलों में साल में 1200 घंटों की पढ़ाई अनिवार्य है। इसके अनुसार हर दिन 6 घंटे पढ़ाई होती है। सालभर के रविवार, दूसरा शनिवार, सार्वजनिक छुट्टियां, वेकेशन और आकस्मिक छुट्टियों की गिनती कर 1200 घंटों की पढ़ाई सेट की जाती है। पढ़ाई के घंटे कम होने पर सीबीएसइ की ओर से स्कूल पर कार्रवाई की जाती है। इसलिए भी सीबीएसइ स्कूल नवरात्रि वेकेशन देने के मूड में नहीं हैं।
वेकेशन से नुकसान
सीबीएसइ के नियमों में नवरात्रि वेकेशन नहीं है। सीबीएसइ ने इस बारे में कोई सूचना या परिपत्र जारी नहीं किया है। नवरात्रि वेकेशन देने से पढ़ाई का नुकसान होगा। नवरात्रि वेकेशन नहीं दिया जाएगा।
दिनेश गुप्ता, प्राचार्य, केंद्रीय विद्यालय, पीपलोद