प्रोजेक्ट्स पर कवायद शुरू, ग्रांट की मांग की जाएगी
सूरत. मनपा प्रशासन अतिरिक्त रकम जुटाने के लिए नई बोतल में पुरानी शराब परोसने की तैयारी में है। केंद्र सरकार ने स्मार्ट सिटी चैलेंजेस के रास्ते मनपा को इसके लिए पतली गली मुहैया करा दी है। केंद्र के समक्ष ग्रांट के लिए पांच प्रोजेक्ट्स पर कवायद शुरू की गई है।
वित्तीय व्यवस्था के नजरिए से वित्त वर्ष 2018-19 मनपा प्रशासन के लिए खासा चुनौती भरा है। प्रस्तावित बजट में बढ़ाई गई कर की दरों में कटौती के बाद मनपा प्रशासन के लिए कई प्रोजेक्ट्स पर अमल मुश्किल हो गया था। कई खर्चीले प्रोजेक्ट्स की राह धीमी पड़ी है। ऐसे में स्मार्ट सिटी चैलेेंजेस के नाम पर केंद्र सरकार की अतिरिक्त ग्रांट की योजना मनपा प्रशासन के लिए संजीवनी से कम नहीं है।
स्मार्ट सिटी चैलेंजेस के तहत किसी भी प्रोजेक्ट पर केेंद्र 20 से 80 करोड़ रुपए के बीच ग्रांट देगा। इसके लिए स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट से जुड़े शहरों से प्रस्ताव मांगे गए हैं। सोमवार को संवाददाताओं से बातचीत करते हुए मनपा आयुक्त एम. थेन्नारसन ने बताया कि पहले से चल रहे पांच प्रोजेक्ट्स को शुरुआती तौर पर स्मार्ट सिटी चैलेंज के लिए चुना है।
फिलहाल अधिकारियों को पांचों प्रोजेक्ट्स पर काम करने की हिदायत दी गई है। प्राथमिक तौर पर चर्चा के बाद इनमें से किसी एक प्रोजेक्ट को स्मार्ट सिटी चैलेंजेस के तहत केंद्र के पास ग्रांट के लिए भेजने की तैयारी है।
मनपा प्रशासन ने स्मार्ट सिटी चैलेंजेस के लिए जिन पांच प्रोजेक्ट्स को चुना है, उन पर पहले से ही काम हो रहा है। इनमें शहर की ट्रांसपोर्ट व्यवस्था के तहत बीआरटीएस बसों का प्रोजेक्ट भी है। स्मार्ट सिटी के तहत इस पर पहले से काम हो रहा है।
इसके अलावा खाडिय़ों के एम्बेकमेंट के साथ ही उसके किनारों और आसपास ग्रीन कवर तैयार करने का काम एनआरसीपी के तहत हो रहा है। इसे ग्रीन पार्क के नाम से स्मार्ट सिटी चैलेंज में शामिल करने की तैयारी है। इसके अलावा शहीद स्मारक और इ-गवर्नेंस के प्रोजेक्ट्स पर भी मनपा आगे बढ़ चुकी है। इन्हें भी चैलेंजेस के रूप में रखने की तैयारी है।
हैरिटेज स्क्वेयर भी स्मार्ट चैलेंज
हैरिटेज स्क्वेयर पर मनपा प्रशासन उस वक्त से काम कर रहा है, जब स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट का ऐलान भी नहीं हुआ था। इसके पहले फेज का काम पूरा हो चुका है और किले के एक हिस्से को लोगों के लिए खोला भी जा चुका है। केंद्र से ग्रांट लेने के लिए मनपा प्रशासन ने इस प्रोजेक्ट को भी स्मार्ट सिटी चैलेेंजेस में शामिल करने का निर्णय किया है।