उत्तर भारतीय रेल संघर्ष समिति और मुम्बई मंडल से आए अधिकारियों के बीच मंगलवार को सूरत स्टेशन पर वीआईपी कक्ष में बैठक हुई। इसमें रेलवे ने...
सूरत।उत्तर भारतीय रेल संघर्ष समिति और मुम्बई मंडल से आए अधिकारियों के बीच मंगलवार को सूरत स्टेशन पर वीआईपी कक्ष में बैठक हुई। इसमें रेलवे ने बान्द्रा-गाजीपुर सिटी द्वि-साप्ताहिक ट्रेन को सप्ताह में तीन दिन चलाने का निर्णय किया। वहीं उधना-दानापुर एक्सप्रेस में मंगलवार से चार कोच अतिरिक्त लगा दिए गए। इसके अलावा कुछ मांगों पर मंडल कार्यालय के अधिकारियों से चर्चा के बाद निर्णय किया जाएगा। इस आश्वासन के बाद संघर्ष समिति ने २६ अप्रेल का रेल रोको आंदोलन स्थगित कर दिया।
सूरत और उधना स्टेशन से उत्तर प्रदेश तथा बिहार जाने वाली ट्रेनों में यात्री ग्रीष्मावकाश में भेड़-बकरियों की तरह यात्रा करने को मजबूर हैं। राजस्थान पत्रिका ने आठ अप्रेल से ट्रेनों में हो रही भीड़ की लाइव खबरें प्रकाशित की थीं। इसके बाद उत्तर भारतीय रेल संघर्ष समिति के सदस्यों ने बीस अप्रेल को मीटिंग कर 26 अप्रेल को रेल रोको आंदोलन की घोषणा की थी। इसी समिति ने पिछले साल भी आंदोलन कर दो रैली निकाली थीं। रेल रोको आंदोलन की तारीख नजदीक आने पर रेलवे ने बातचीत शुरू की।
सूरत स्टेशन डायरेक्टर सी.आर. गरूड़ा के साथ रेलवे संघर्ष समिति के सदस्यों की सोमवार को बातचीत हुई थी। इसमें तय हुआ कि मंगलवार को मुम्बई मंडल से अधिकारियों का दल सूरत में संघर्ष समिति से मुलाकात कर उनकी समस्या को सुनेगा। सूरत स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या एक पर वीआईपी कक्ष में मंगलवार को मुम्बई मंडल से सीनियर डीओएम स्वामी मिश्रा, डीसीएम शैलेन्द्र चौधरी, सीनियर डीएससी अनूप शुक्ला, वड़ोदरा, रेलवे पुलिस अधीक्षक शरद सिंघल समेत अन्य अधिकारियों के साथ समिति के सदस्यों की बैठक हुई।
इसमें रेलवे ने विभिन्न मांगों पर सहमति जताते हुए तुरंत ट्रेनों के फेरे बढ़ाने और कोच बढ़ाने का निर्णय किया। स्वामी मिश्रा ने समिति को बताया कि उधना-दानापुर एक्सप्रेस में मंगलवार से चार कोच बढ़ा दिए गए हैं। पहले इस ट्रेन में सत्रह कोच लगाए जाते थे। छह अतिरिक्त कोच के साथ अब इसमें 23 डिब्बे होंगे।
इसके अलावा १९०४१ बान्द्रा टर्मिनस-गाजपुर सिटी एक्सप्रेस के फेरे दो दिन से बढ़ाकर तीन दिन कर दिए गए हैं। तीसरे फेरे में होलीडे स्पेशल चलाने की व्यवस्था की जाएगी। 19057 उधना-वाराणसी भोलेनगरी एक्सप्रेस, १९०५३ सूरत-मुजफ्फरपुर एक्सप्रेस, उधना-जयनगर अंत्योदय एक्सप्रेस में चार-चार अतिरिक्त कोच लगाने का प्रपोजल दर्ज कर लिया गया है। सूरत आए रेल अधिकारी मुम्बई में मंडल प्रबंधक मुकुल जैन से इस पर चर्चा करने के बाद निर्णय करेंगे।
रांची के लिए नई ट्रेन की मांग
संघर्ष समिति के लोगों ने सूरत या उधना से झारखंड में रांची के लिए नई ट्रेन चलाने की भी मांग की। बान्द्रा-गोरखपुर अवध एक्सप्रेस में एक जनरल कोच और एक स्लीपर कोच को सूरत से आरक्षित करने की भी मांग की गई। रेल अधिकारियों ने संघर्ष समिति से रेल रोको आंदोलन स्थगित करने के लिए कहा। समिति ने बान्द्रा-गाजीपुर सिटी एक्सप्रेस का फेरा बढऩे और उधना-दानापुर एक्सप्रेस में कोच बढ़ाए जाने की सराहना की। तीस मई तक मांगें पूरी होने की उम्मीद के साथ उन्होंने २६ अप्रेल को घोषित रेल रोको आंदोलन वापस ले लिया।
संघर्ष समिति ने यह मांगें रखीं
उत्तर भारतीय रेल संघर्ष समिति ने रेलवे को ज्ञापन सौंपा, जिसमें उधना-दानापुर एक्सप्रेस, सूरत-भागलपुर एक्सप्रेस, उधना-वाराणसी भोलेनगरी एक्सप्रेस को दैनिक करने की मांग की गई। सूरत से झारखंड के लिए कोडरमा हजारीबाग, पारसनाथ, धनबाद, रांची के लिए नई ट्रेन, सूरत से प्रतापगढ़ सुलतानपुर वाया अयोध्या बस्ती से गोरखपुर के लिए नई ट्रेन शुरू करने की मांग भी की गई। नई ट्रेन नहीं चलने तक रेग्यूलर चलने वाली साप्ताहिक और द्वि-साप्ताहिक ट्रेनों में अतिरिक्त कोच लगाए जाने की मांग की गई। प्रतिदिन स्टेशन पर 500 से 700 यात्री ट्रेन में चढऩे से रह जाते हैं। इनके लिए विशेष ट्रेन चलाने की भी मांग की गई।
यह शामिल हुए बैठक में
उत्तर भारतीय रेल संघर्ष समिति के अनूप राजपूत ने सोमवार को अपने ग्यारह सदस्यों की सूची रेलवे को अधिकारियों से मिलने के लिए सौंपी थी। इसमें अजीत तिवारी, विनय शुक्ला, नागेश मिश्रा, ललित शर्मा, प्रभुनाथ यादव, बनसु यादव, नरेन्द्र मिश्रा, दीपेश वत्स, शैलेष त्रिपाठी, मनोज मिश्रा आदि शामिल थे। बैठक में उत्तर भारतीय समाज के शशि दुबे भी पहुंचे तो पुलिस वालों ने उन्हें रोक लिया। उन्होंने मुम्बई मंडल के डीआरएम को फोन लगाया। डीआरएम ने सूरत आई सीनियर डीओएम को फोन कर उन्हें भी अंदर बुलाने को कहा।