
टीकमगढ़. थाना देहात के दुनातर निवासी 23 वर्षीय युवक ने थाने के लॉकअप में फांसी लगाने की कोशिश की। युवक को गंभीर अवस्था में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। युवक को रविवार दोपहर में ही दुष्कर्म के मामले में गिरफ्तार किया गया था।
थाना प्रभारी आरपी चौधरी ने बताया कि दुनातर निवासी मुकेश कुशवाहा पुत्र भगवानदास कुशवाहा (23) को पुलिस ने रविवार को दुष्कर्म के आरोप में हिरासत में लिया था। दुनातर निवासी एक महिला ने उस पर बहला फुसलाकर भगा ले जाने और दुष्कर्म का आरोप लगाया है। महिला के बयानों के आधार पर मुकेश उसके पिता भगवानदास एवं बहन चंदाबाई के खिलाफ मामला कायम किया गया था।
यह है मामला
मुकेश ने बताया वह 7 सितंबर को अपने गांव की महिला के साथ दिल्ली भाग गया था। वहां पर मजदूरी कर रहे अपने पिता के पास वह महिला को साथ लेकर पहुंचा। 4 दिन दिल्ली में रुकने बाद वह महिला को लेकर वहां से हरियाणा चला गया और मजदूरी करने लगा। इसी दौरान उसके पास टीकमगढ़ से फोन आया और वह पुलिस को बयान देने के लिए महिला को लेकर टीकमगढ़ पहुंच गया।
महिला की सहमति से ही ले गया था
आरोपी मुकेश ने बताया कि महिला उसके साथ पूरी रजामंदी से गई थी। घरवालों से परेशान महिला उससे शादी करना चाहती थी जिसके चलते वह उसे अपने साथ ले गया। महिला के भाई ने परिजनों में राजीनामा होने एवं पुलिस के पास सहमति से जाने के बयान देने की बात कहकर उन्हें यहां बुलाया गया था। परंतु महिला के परिजनों ने उस पर दबाब डालकर जबरन दुष्कर्म के बयान दिला दिए। इस बात से वह मानसिक रूप से परेशान है। टीआई चौधरी ने बताया कि आरोपी मुकेश का डीएनए टेस्ट कराने के लिए सेम्पल लिया गया है।
पैर में बंधे में धागे से लगाया फंदा
टीआई चौधरी ने बताया कि आरोपी मुकेश ने पैर में काला धागा पहन रखा था। रविवार की रात 8 बजे के लगभग उसने इसी धागे से हाथों के सहारे फांसी लगाने की कोशिश की। जब तक वह अपने काम में सफल होता तब तक पुलिसवालों की नजर उस पर पड़ गई और आनन फानन में उसे लॉकअप से बाहर निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया गया। एएसपी राकेश खाखा ने भी अस्पताल जाकर टीआई से पूरे घटनाक्रम के संबंध में जानकारी ली।