राजस्थान में ज़्यादा से ज़्यादा नगर निगमों और नगर परिषदों में बोर्ड बनाने में निर्दलीय पार्षद ( Independent Councillors ) किंगमेकर की भूमिका में माने जा रहे हैं। लिहाज़ा दोनों ही प्रमुख दलों कांग्रेस ( Congress ) और भाजपा ( BJP ) की ओर से निर्दलीयों को अपने पक्ष में करने की जद्दोजहद की जा रही है।
जयपुर।
राजस्थान में ज़्यादा से ज़्यादा नगर निगमों और नगर परिषदों में बोर्ड बनाने में निर्दलीय पार्षद ( Independent Councillors ) किंगमेकर की भूमिका में माने जा रहे हैं। लिहाज़ा दोनों ही प्रमुख दलों कांग्रेस ( Congress ) और भाजपा ( BJP ) की ओर से निर्दलीयों को अपने पक्ष में करने की जद्दोजहद की जा रही है। इस बीच टोंक नगर परिषद में कांग्रेस को निर्दलीयों का साथ मिल गया हैं। रविवार देर रात 8 निर्दलीय पार्षदों ने उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ( Sachin Pilot ) के सरकारी आवास पहुंचकर पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।
8 निर्दलीय पार्षदों के कांग्रेस में शामिल होने कांग्रेस का निकाय प्रमुख बनने का रास्ता साफ हो गया है। अब 60 पार्षद वाले टोंक नगर परिषद में कांग्रेस के पार्षदों की संख्या 35 हो गई है। निकाय चुनाव परिणाम से समय कांग्रेस के 27, भाजपा के 23 और 10 निर्दलीय जीते थे। 10 में आठ निर्दलीय पार्षद कांग्रेस में शामिल हो गए।
पार्टी पदाधिकारियों की मानें तो रविवार सुबह से ही सभी निर्दलीय पार्षद जयपुर आ गए थे और पायलट का दिल्ली से आने आ इंतज़ार कर रहे थे।
ये पार्षद हुए शामिल
वार्ड 14 से शबाना परवीन, वार्ड 16 से उमरजहां, वार्ड 21 से खालिद, वार्ड 28 से मोहित खान, वार्ड 32 से रेशमा बानो, वार्ड 44 से मोहम्मद आसिफ, वार्ड 56 से कजोड़ बैरवा, वार्ड 60 से महावीर शामिल हुए।