जिला परिषद सभागार में बुधवार दोपहर आयोजित कार्यशाला में निवाई विधायक रामसहाय वर्मा की कुछ बातों पर सरपंच नाराज हो गए। उन्होंने कार्यशाला में हंगामा कर दिया।
विधायक बोले: सरपंच को मालूम फिर भी पट्टे पर उठ जाता है ऋण, सरपंचों ने किया हंगामा
जिला परिषद सभागार में बुधवार दोपहर आयोजित कार्यशाला में निवाई विधायक रामसहाय वर्मा की कुछ बातों पर सरपंच नाराज हो गए। उन्होंने कार्यशाला में हंगामा कर दिया।
जिला परिषद सभागार में गुरुवार को स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण और अन्य संबंधित मुद्दों में पंचायती राज संस्थानों की भूमिका विषय पर संवेदीकरण कार्यशाला का आयोजन हुआ। इसमें निवाई विधायक रामसहाय वर्मा के सम्बोधन के दौरान कही गई बातों पर सरपंचों ने हंगामा कर दिया।
विधायक वर्मा ने कहा कि गांव में विकास का प्लान वीडियो बनाकर भेजेते हैं। उसे अभियंता स्वीकृत करता है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों में सडक़ों के पेचवर्क पर ध्यान नहीं दिया गया। जबकि सरपंच सीसी सडक़ की मांग करते हैं।
उसमें दो पैसे ज्यादा मिलते हैं। विधायक ने कहा कि बुरा लगे तो बता देना। लेकिन हकीकत यह है कि हमारा उद्देश्य होना चाहिए कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सोच को धरातल पर उतारना है। उन्होंने कहा कि किसी समय सुनते थे कि बसपा अध्यक्ष मायावति का फंड सडक़ों पर लगता था जो कागजों में चलता था। विधायक ने कहा कि मेरी पहली बैठक है।
विधायक ने कहा कि गांव में सरपंच पट्टा जारी करता है। जबकि यह पट्टा किसका बन रहा है इसकी जानकारी सरपंच को होती है। इसके बावजूद अन्य के नाम से दूसरे को पट्टा दे दिया जाता है और उसका बैंक से ऋण उठा लिया जाता है।
अरनियाल माल सरपंच शांतिलाल मीणा ने बताया कि विधायक ने यह बात विधानसभा में बोले कि सरपंचों को अलग से बजट दे। हम नाराज हुए हैं ठेस पहुंची है। पेचवर्क का काम पीडब्ल्यूडी का है ग्राम पंचायत का नहीं है। उनका बयान गलत है।
मेहता ने माहौल किया शांत
मामला बिगड़ा देख कार्यशाला में मौजूद भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत मेहता ने मोर्चा सम्भाला। उन्होंने सरपंचों से कहा कि भावना गलत नहीं थी। ऐसे में उन्होंने सभी को शांत किया। कार्यशाला में मुख्य अतिथि पूर्व सांसद अविनाश राय खन्ना थे। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत की ओर से छोटे-छोटे विभिन्न कार्य को कर गांव में जागरूकता लाई जा रही है। सांसद सुखबीर सिंह जौनापुरिया, जिला प्रमुख सरोज बंसल, भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत मेहता, विजय बैंसला, उप जिला प्रमुख आदेश कंवर, संस्था सचिव मनमोहन शर्मा, जिला परिषद सदस्य छोगालाल गुर्जर आदि थे।