टोंक

Rajasthan Election 2023 : प्रिंटिंग प्रेस संचालकों के लिए गाइड लाइन जारी, उल्लंघन पर होगी सख्त कार्रवाई

Rajasthan Assembly Election 2023 : विधानसभा चुनाव-2023 की आदर्श आचार संहिता के दौरान प्रिटिंग प्रेस संचालकों को पंपलेट, पोस्टरों एवं अन्य मुद्रण सामग्री के प्रकाशन से पूर्व चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों की पालना करना अनिवार्य होगा।

2 min read
Oct 14, 2023
rajasthan_patrika_2.jpg

टोंक। Rajasthan Assembly Election 2023 : विधानसभा चुनाव-2023 की आदर्श आचार संहिता के दौरान प्रिटिंग प्रेस संचालकों को पंपलेट, पोस्टरों एवं अन्य मुद्रण सामग्री के प्रकाशन से पूर्व चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों की पालना करना अनिवार्य होगा।

जिला निर्वाचन अधिकारी (कलक्टर) डॉ ओमप्रकाश बैरवा ने बताया कि आदर्श आचार संहिता लागू होते ही सभी प्रिंटिंग प्रेस संचालकों को लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 127- क एवं 127- ख की पालना करना अनिवार्य होगा। उन्होंने बताया कि प्रकाशक के पहचान की घोषणा उसके द्वारा हस्ताक्षरित एवं दो व्यक्तियों जिनकों वह व्यक्तिश: जानता है, सत्यापित कर दो प्रतियों में मुद्रक को देनी होगी। उन्होंने बताया कि मुद्रण के पश्चात् प्रकाशित पंपलेट, पोस्टर एवं अन्य मुद्रित सामग्री की प्रति जिला निर्वाचन अधिकारी जिला मजिस्ट्रेट के कक्ष में दिया जाना अनिवार्य होगा।

जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि निर्वाचन पंपलेट या पोस्टर से तात्पर्य हैंड बिल या अन्य दस्तावेज से है जो किसी अभ्यर्थी के निर्वाचन को प्रोत्साहित करने या पक्षपात एवं प्रतिकूल करने के लिए वितरित किया जाए। उन्होंने बताया कि पंपलेट एवं पोस्टर प्रकाशन के पश्चात चार-चार प्रतियां संबंधित प्रपत्र के साथ तीन दिवस की अवधि में जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में भिजवाया जाना अनिवार्य होगा।

मुख्य पृष्ठ पर जानकारी अंकित करनी होगी
उन्होंने बताया कि निर्वाचन संबंधित पंपलेट, पोस्टरों को प्रकाशित या मुद्रित करने और मुद्रित करवाते समय उसके मुख पृष्ठ पर मुद्रक व प्रकाशक का नाम और पता एवं प्रसार संख्या लिखना अनिवार्य होगा। कोई व्यक्ति प्रावधानों का उल्लंघन करता है उसके विरूद्ध आईपीसी की धाराओं के तहत 6 माह कारावास या 2 हजार रुपये जुर्माना अथवा दोनों से दंडनीय होंगे। उन्होंने बताया कि प्रेस संचालक किसी भी व्यक्ति द्वारा किसी उम्मीदवार के पक्ष में पंपलेट, पोस्टर एवं बैनर का प्रकाशन करता है तो संबंधित प्रत्याशी की सहमति लिया जाना आवश्यक होगा।

यह सावधानी रखनी होगी
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि प्रेस संचालक प्रचार सामग्री के प्रकाशन के दौरान यह भी निगरानी रखेंगे कि प्रकाशित किए जाने वाले कंटेंट में धार्मिक, जातिगत या देश की एकता व अखंडता को भडक़ाने वाले तथ्य प्रकाशित न हों। सभी प्रेस संचालकों को प्रचार सामग्री के प्रकाशन में पारदर्शिता बरतते हुए पंपलेट एवं बैनर पर प्रेस लाइन का उपयोग करना अनिवार्य होगा।

Published on:
14 Oct 2023 08:30 am