
SDM Slap Incident : नरेश मीणा। फाइल फोटो
Naresh Meena : देवली-उनियारा विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में एसडीएम थप्पड़ कांड मामले में एससी-एसटी विशिष्ट अदालत टोंक ने मंगलवार को प्रत्याशी रहे नरेश मीणा की नियमित जमानत याचिका खारिज कर दी। विशिष्ट लोक अभियोजक रामावतार सोनी ने बताया कि मंगलवार शाम न्यायाधीश आरती माहेश्वरी ने जमानत याचिका पर सुनवाई के बाद इसे खारिज करने का आदेश दिया। वहीं नरेश मीणा के अधिवक्ता फतेहराम मीणा ने बताया कि एससी-एसटी कोर्ट से नियमित जमानत याचिका खारिज हुई है। अब वे जमानत के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर करेंगे।
नरेश मीणा को पहले भी हाईकोर्ट से सशर्त जमानत मिली थी। लेकिन जमानत की शर्तों के उल्लंघन के चलते एससी-एसटी कोर्ट ने 13 जुलाई 2026 को उनकी जमानत रद्द कर दी थी। इसके बाद नरेश मीणा ने गत 6 अगस्त को नगरफोर्ट थाने में सरेंडर किया था।
करीब आठ माह बाद उन्हें 14 जुलाई 2025 को हाईकोर्ट से सशर्त जमानत मिली थी। जमानत की शर्तों में किसी भी धरना-प्रदर्शन में शामिल नहीं होना तथा स्वागत-सत्कार जैसे आयोजनों से दूर रहना शामिल था। आरोप है कि झालावाड़ जिले के पीपलोदी में स्कूल भवन की छत गिरने से बच्चों की मौत के बाद हुए आंदोलन में शामिल होकर उन्होंने जमानत की शर्तों का उल्लंघन किया। इसके आधार पर नगरफोर्ट थाना पुलिस ने न्यायालय में जमानत निरस्त करने की याचिका दायर की, जिसे स्वीकार करते हुए न्यायालय ने उन्हें 6 अगस्त तक आत्मसमर्पण करने के निर्देश दिए थे। समरावता हिंसा प्रकरण में नरेश मीणा सहित करीब 60 लोगों के खिलाफ मामला विचाराधीन है। अन्य आरोपी फिलहाल जमानत पर हैं।
इधर, एक अन्य मामले में विशेष न्यायालय के आदेश पर नगरफोर्ट पुलिस ने नरेश मीणा की चल-अचल संपत्ति का विवरण जुटाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। न्यायालय के निर्देशों की पालना में पुलिस ने ग्राम पंचायत नयागांव उर्फ नानवता (तहसील मोठपुर, जिला बारां) के सरपंच को पत्र भेजकर उनकी संपत्ति का पूरा ब्यौरा मांगा है, जिसे न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा।
राजस्थान में टोंक के देवली-उनियारा विधानसभा उपचुनाव के दौरान 13 नवंबर 2024 को समरावता गांव के लोगों ने उनियारा उपखंड में शामिल करने की मांग को लेकर मतदान का बहिष्कार किया था। उस समय निर्दलीय प्रत्याशी रहे नरेश मीणा भी ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठे थे। आरोप है कि जबरन 3 लोगों से मतदान कराने का विरोध करते हुए नरेश मीणा ने एसडीएम अमित चौधरी को थप्पड़ मार दिया था। 14 नवंबर को पुलिस ने उन्हें धरना स्थल से गिरफ्तार किया और 15 नवंबर को कोर्ट के आदेश पर जेल भेज दिया गया।
Updated on:
11 Aug 2026 07:31 pm
Published on:
11 Aug 2026 07:31 pm
