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मरम्मत व सफाई कराए बिना क्षतिग्रस्त नहरों में बहाया नीर, किसानों ने नाराजगी जता कलक्टर के नाम एसडीओ को सौंपा ज्ञापन

Damaged canals: बीसलपुर बायी मुख्य नहर में मरम्मत व सफाई के अभाव में पानी छोड़े जाने को लेकर किसानों ने नाराजगी जताई है।

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Nov 22, 2019
मरम्मत व सफाई कराए बिना क्षतिग्रस्त नहरों में बहाया नीर, किसानों ने नाराजगी जता कलक्टर के नाम एसडीओ को सौंपा ज्ञापन

टोडारायसिंह. परियोजना की अनदेखी के बीच बीसलपुर बायी मुख्य नहर में मरम्मत व सफाई के अभाव में पानी छोड़े जाने को लेकर किसानों ने नाराजगी जताई है। उन्होंने जिला कलक्टर के नाम उपखण्ड अधिकारी को ज्ञापन दिया है। एसटी ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के ब्लॉक अध्यक्ष बुद्धिप्रकाश दबकिया, जमनालाल, लक्ष्मीनारायण, नरेश मीणा समेत अन्य किसानो ने बताया कि परियोजना के तहत बीसलपुर बांध की बायीं मुख्य नहर में पानी छोड़े जाने से पूर्व मनरेगा के तहत नहरों व वितरिकाओं की सफाई व मरम्मता कार्य के लिए करीब साढ़े तीन करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए थे, लेकिन विभागीय अनदेखी के बीच समय पर राशि स्वीकृति नहीं किए जाने से नहरो व वितरिकाओं की समय पर सफाई व मरम्मत कार्य नहीं हो पाया।

स्थिति यह है कि बुधवार को जल वितरण समिति के निर्णय अनुसार नहरो में पानी छोड़ दिया गया। स्थिति यह है कि नहरो की टाइले व दीवारे क्षतिग्रस्त होने के साथ कचरे से अटी पड़ी है। जिससे कमाण्ड क्षेत्र के आखरी छोर स्थित खेतो में सिंचाई का पानी समय पर पहुंच पाना मूश्किल हो गया है। उन्होंने विभागीय स्तर पर आवश्यक कार्रवाई करवाने की मांग की है।

वाहनों के गुजरने से किसानों की फसल नष्ट, माइनर निर्माण के लिए सामग्री ले जाने से हो रहा नुकसान
देवली. दूनी थाना क्षेत्र के कुशालपुरा गांव में इन दिनों चल रहे दायीं मुख्य नहर की माइनरों के निर्माण का दुष्प्रभाव वहां के किसानों को भुगतना पड़ रहा है। जहां दिनभर गुजरने वाले वाहनों की आवाजाही से किसानों की फसल नष्ट हो रही है, लेकिन ठेकेदार किसानों के नुकसान को नजर अंदाज कर अपना काम कर रहे है।

किसान रामकुमार मीणा, मनोज, हंसराज जाट, अशोक मीणा, विनोद माहुर ने बताया कि माइनर निर्माण के चलते ठेकेदार पत्थर, बजरी व सीमेन्ट सहित निर्माण सामग्री किसानों के खेतों से होकर ले जा रहे है। दिन में कई बार गुजरने वाले निर्माण सामग्री के डम्परों से करीब आधा दर्जन किसानों की तीन से चार बीघा जमीन में बोई गई सरसों की फसल चौपट हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि उक्त काम गत एक माह से चल रहा है तथा आगामी एक पखवाड़े तक चलने का अनुमान है। ऐसे में किसानों को फसल नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।

Published on:
22 Nov 2019 03:37 pm
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